फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शंकराचार्य को भूमि आवंटन का मामला अब भी अधर में

Fri, 29 Dec 2017 01:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
विज्ञापन
शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती
विज्ञापन
माघ मेले में शिविर के लिए शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती को भूमि आवंटित किए जाने का मामला बृहस्पतिवार को भी नहीं सुलझ सका। इस मामले में बृहस्पतिवार को मेलाधिकारी मनकामेश्वर मंदिर पहुंचे। वहां उन्होंने शंकराचार्य के प्रतिनिधि और मनकामेश्वर मंदिर के व्यवस्थापक स्वामी श्रीधरानंद से मुलाकात की जिन्होंने शंकराचार्य जी से मेलाधिकारी की बात कराई। बातचीत में शंकराचार्य ने पूर्व स्थान पर ही भूमि आवंटित किए जाने को कहा, जिस पर मेलाधिकारी ने त्रिवेणी मार्ग पर पर्याप्त भूमि उपलब्ध न होने की बात कही। इसी क्रम में संगम किनारे भी उन्होंने भूमि देने में असमर्थता जताई। हालांकि मेला क्षेत्र में किसी अन्य जगह पर भूमि दिए जाने की पेशकश की जिसे स्वामी श्रीधरानंद ने ठुकरा दिया। लंबी बातचीत के बाद भी मामले का समाधान नहीं निकल सका।
विज्ञापन


राम नाम सेवा संस्थान की ओर से माघ मेला क्षेत्र में संगम, अक्षयवट मार्ग स्थित रामनाम बैंक का बृहस्पतिवार को भूमि पूजन किया जाएगा। संस्थान अध्यक्ष गुंजन वार्ष्णेय के मुताबिक 108 चयनित विद्यार्थियों को मेले के दौरान ज्योतिष एवं वास्तु के बारे में सलाह और प्रशिक्षण दिया जाएगा। सवा लाख से ज्यादा रामनाम लिखकर जमा करने वालों को माघी पूर्णिमा पर सम्मानित भी किया जाएगा।

मोरी रोड निशान जोड़ा पताका के चंद्र प्रकाश पांडेय ने बृहस्पतिवार को मेला अमीन पर जमीन आवंटित न किए जाने का आरोप लगाया। कहा, उन्हें जो प्रतिवर्ष जमीन दी जाती रही है, उसमें से थोड़ी सी जमीन दूसरे को दे दी गई है जिससे उनके लिए शिविर लगाना मुश्किल होगा। उन्होंने मेला अधिकारी को पत्र देकर मामले की जांच कराने की मांग की है।
विज्ञापन


मानव एकता विकास जनकल्याण समिति के अध्यक्ष चंद्रप्रकाश मिश्र ने भूमि आवंटन के मामले में अनियमितता का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि उन्हें तुलसी मार्ग शिवाला गंगोली चौक पर जगह मिलती रही है लेकिन अबकी जगह बदलकर तुलसी मार्ग जीटी रोड पर कर दिया गया है जो कि निर्धारित से कम है, ऐसे में शिविर लगाने में दिक्कत आएगी। उन्होंने सीएम से न्याय दिलाए जाने की गुहार की है।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें