कोर्ट ने एक मार्च को पुलिस को आदेश दिया था कि मास्क पहनना सौ फीसदी अनिवार्य किया जाए और न पहनने वालों पर पेनाल्टी लगाई जाए। यह भी देखें भीड़ इकट्ठा न होने पाए। विवाह समारोहों में लोग निर्धारित संख्या में ही आएं और सोशल डिस्टेसिंग का पालन हो।स्कूल कालेज में कोविड गाइडलाइंस का पालन कराया जाए। कोर्ट ने पुलिस से पूछा है कि आदेश का पालन क्यों नहीं किया जा रहा है।
यह आदेश न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा तथा न्यायमूर्ति अजित कुमार की खंडपीठ ने कोरोना संक्रमण व पार्किंग मामले की सुनवाई करते हुए दिया है। तालाबों पर अतिक्रमण को लेकर कोर्ट के आदेश से गठित तीन सदस्यीय कमेटी ने रिपोर्ट पेश की । किन्तु कोर्ट ने इसे संतोषजनक नहीं माना और कहा कि रिपोर्ट में माप व नजरी नक्शा नहीं है।तालाब के अतिक्रमण का जिक्र है।किस हिस्से में अतिक्रमण है यह स्पष्ट नहीं है।कोर्ट ने नए सिरे से रिपोर्ट मांगी है।
प्रयागराज विकास प्राधिकरण ने बताया कि छ: अतिरिक्त पार्किंग स्थल खाली कराए गए हैं।उनका इस्तेमाल पार्किंग के लिए हो रहा है। कोर्ट ने एडवोकेट कमिश्नर से निरीक्षण रिपोर्ट मांगी है। कोर्ट ने पीडीए व नगर निगम से जानना चाहा है कि रिहायशी इलाकों में व्यावसायिक गतिविधियां क्यों हो रही है। और इसकी योजना और नियम दाखिल करें।
पीडीए ने बताया कि आजाद पार्क का जॉगिंग ट्रैक व तालाब वानिकी विभाग को दे दिया गया है।कोर्ट इसपर भी रिपोर्ट मांगी है। कोर्ट ने अतिक्रमण हटाने का भी आदेश दिया है।साथ ही पूरी जिले के तालाबों की स्थिति पर रिपोर्ट मांगी है।याचिका की सुनवाई 26 मार्च को होगी।