धूमनगंज में एमईएस क्लर्क समेत दो लोगों पर फायरिंग का आरोपी गेस्ट हाउस संचालक शिवम कुशवाहा छह दिन बाद भी पुलिस की पकड़ से दूर है। परिजनों का आरोप है कि पुलिस उसे गिरफ्तार करने को लेकर गंभीरता नहीं दिखा रही है। वह बेधड़क घूम रहा है और इससे परिवार दहशत में है।
पीड़ित राजकुमार सिंह निवासी जयंतीपुर का कहना है कि इस घटना में उनके छोटे भाई राज सिंह व एमईएस में बतौर क्लर्क तैनात भांजे महेंद्र सिंह गोली लगने से जख्मी हुए थे। मुकदमे में नामजद गेस्ट हाउस संचालक शिवम मुख्य आरोपी है। धूमनगंज थाना प्रभारी अमरनाथ राय ने बताया कि एक आरोपी रविरंजन जेल भेजा जा चुका है। मुख्य आरोपी की तलाश की जा रही है।
घर के सामने गाड़ी खड़ी करने के विरोध पर मारी थी गोली
पीड़ित का आरोप है कि उनके घर के पास श्रीराम वाटिका गेस्ट हाउस है, जिसका मालिक व संचालक शिवम कुशवाहा है। आरोप लगाया कि जिस दिन गेस्ट हाउस में कोई कार्यक्रम होता है, उस दिन वह घर के सामने जबरदस्ती गाड़ी खड़ी करवाकर पूरा रास्ता बंद कर देता था। दो जून को भी ऐसा ही हुआ। फोन करके शिकायत की गई। आरोप है कि लगभग रात 10:40 बजे शिवम अपने एक अन्य साथी के साथ घर पर आया और जान से मारने की धमकी देते हुए गालियां देने लगा। विरोध करने पर दोनों ने छोटे भाई राज व भांजे महेंद्र को गोली मार दी। इसमें दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। उनका इलाज चल रहा है।