उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष के खिलाफ छात्रों और प्रतियोगियों का इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ भवन पर क्रमिक अनशन शनिवार को छठे दिन भी जारी रहा। वे पीसीएस-2015 प्रारंभिक परीक्षा के दोनों पेपर स्थगित करने, अध्यक्ष को हटाने, भर्तियों और पेपर लीक मामले की सीबीआई जांच की मांग कर रहे थे। इस दौरान हुई सभा में छात्रों ने आंदोलन के दौरान एबीवीपी कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज तथा उनकी गिरफ्तारी की भी निंदा की। लगातार आंदोलन के बावजूद मांग नहीं माने को लेकर उनमें प्रदेश सरकार के खिलाफ भी गुस्सा रहा।
प्रतियोगियों ने 15 अप्रैल को विश्वविद्यालय छात्रसंघ भवन पर सभा तथा जेल भरो आंदोलन की घोषणा की है। इसमें समर्थन जुटाने के लिए अलग-अलग ग्रुप में बंटे छात्रों और प्रतियोगियों ने डेलीगेसी तथा हॉस्टलों में जनसंपर्क किया। मम्फोर्डगंज फौव्वारा चौराहा पर हुई सभा में भी उन्होंने अधिक से अधिक छात्रों से 15 अप्रैल को छात्रसंघ पर पहुंचने की अपील की। छात्रों ने तेज आंदोलन की भी घोषणा की। आंदोलन के समर्थन में छात्रों की अल्लापुर लेबर चौराहा पर भी माइक मीटिंग हुई। वहां भी छात्रों ने आंदोलन को सफल बनाने की अपील की। छात्रों का कहना था कि जब तक मांग पूरी नहीं हो जाती आंदोलन जारी रहेगा। क्रमिक अनशन तथा माइक मीटिंग में राणा यशवंत प्रताप सिंह, अमरेंदु सिंह, अयोध्या सिंह, प्रभाकर त्रिपाठी, कौशल सिंह आदि शामिल रहे।