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गंगा पर छह लेन पुल नीवा से फाफामऊ के बीच बनेगा

Wed, 14 Jun 2017 01:52 AM IST
अमर उजाला, इलाहाबाद
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- फोटो : WikiMedia
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इलाहाबाद। गंगा पर बनने वाला छह लेन पुल शहर में गंगा पर नीवा से फाफामऊ के आगे मलाक हरहर चौराहे तक जाएगा। नए पुल के बारे में केंद्र एवं प्रदेश सरकार के बीच सहमति बन जाने के बाद अब इस पर काम जल्द शुरू होने की संभावना है। नए पुल को लोक निर्माण विभाग बनाएगा। विभाग की ओर से डीपीआर भी तैयार हो चुका है। जल्द टेंडर प्रक्रिया पूरी करने के बाद निर्माण के लिए हरी झंडी मिल जाएगी। इस पुल के बन जाने से शहर के लोगों को जाम की बड़ी समस्या से राहत मिलेगी। साथ ही फाफामऊ में गंगा के वर्तमान पुल पर लोड कम हो जाएगा।
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गंगा पर प्रस्तावित छह लेन पुल फाफामऊ पुल से तीन किमी. पश्चिम दिशा में नीवा से बनाने की योजना है। इस पुल के बारे में प्रस्ताव सोमवार को हुई केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री के साथ हुई बैठक में रखा गया था। बैठक में मौजूद एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि लोक निर्माण विभाग की ओर से प्रस्तावित पुल की लंबाई लगभग नौ किमी. रखे जाने पर मंत्री ने इसे कम करने की सलाह दी। केंद्रीय मंत्री के प्रस्ताव पर विभागीय अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि गंगा नदी पर बनने वाले पुल की लंबाई 3.7 किमी होगी, जबकि उसको जोड़ने वाली सड़कों को मिलाकर यह नौ किमी हो रहा है। इस पुल को प्रतापगढ़ और लखनऊ के रास्ते को अलग करने वाले मलाक हरहर चौराहे तक ले जाने की योजना है।

नीवा से मलाक हरहर चौराहे तक जाने वाले प्रस्तावित पुल से फाफामऊ बाजार प्रभावित होने से बच जाएगा। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि वर्तमान पुल के पास से छह लेन पुल बनाए जाने की स्थिति में शहर एवं फाफामऊ का बड़ा क्षेत्र प्रभावित होने की आशंका थी। पुल को नीवा से निकलकर कालिंदीपुरम के आगे से निकलने वाले रिंग रोड से जोड़ने की योजना है। ऐसे में रीवा, चित्रकूट, मध्य प्रदेश के बड़े क्षेत्रों को जाने वाले लोगों को परेशानी से बचाया जा सकेगा।
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फाफामऊ की दूरी रह पांच-छह किमी रह जाएगी
कौशांबी, पूरामुफ्ती, बमरौली से फाफामऊ, प्रतापगढ़, लखनऊ की ओर जाने वालों को 18-20 किलोमीटर शहर के अंदर से गुजरना पड़ता है। इस बीच जाम के कारण समस्या और बढ़ जाती है। पुल पार कर जाने वालों को अभी सुलेम सराय, चौफटका, हाईकोर्ट, स्टेनली रोड होकर गुजरना पड़ता है। इन हिस्सों में हर वक्त जाम की स्थिति भी रहती है। ऐसे में ट्रांसपोर्ट नगर या नीवा के किसी हिस्से से गंगा नदी पर पुल बन जाने की स्थिति में फाफामऊ की दूरी महज पांच-छह किलोमीटर रह जाएगी।

नए पुल से लोगों को मिलेगी राहत
0 फाफामऊ पुल से बमरौली एवं आसपास के लोगों की दूरी 18 से 20 किमी कम होगी
0 कौशांबी, पूरामुफ्ती, मनौरी सहित बमरौली के लोगों को लाभ मिलेगा
0 प्रतिदिन बमरौली क्षेत्र से फाफामऊ आने-जाने वाले 12 से 15 हजार लोगों को राहत मिलेगी।
0 लगभग आठ से 10 हजार छोटे एवं बड़े कारोबारी वाहनों को लाभ
0 प्रतापगढ़ एवं आसपास से शहर की ओर सब्जी एवं अनाज लेकर आने वाले वाहनों की दूरी कम हो जाएगी।

कारोबारियों की समस्या होगी दूर
कौशांबी, बमरौली सहित अन्य इलाकों से बड़ी संख्या में लोग लखनऊ जाते हैं, बमरौली से फाफामऊ तक रास्ता तय करने में उन्हें एक से डेढ़ घंटे तक लग जाते हैं। नया पुल बनने से बड़ी राहत मिलेगी। आईईआरटी इंजीनियरिंग अनुभाग के पूर्व निदेशक एससी रोहतगी का कहना है कि नीवा से फाफामऊ के बीच पुल बन जाने के बाद बड़ी समस्या दूर हो जाएगी। शहर के बाहर शिक्षण संस्थानों में जाने वाले बच्चों को जाम में नहीं फंसना पड़ेगा।

अर्द्ध कुंभ से पहले पूरा होने पर सवाल
0 गंगा नदी पर बनने वाले पुल को अर्द्ध कुंभ से पहले बनाए जाने की राज्य एवं केंद्र सरकार की योजना है। सोमवार को हुई बैठक में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूरी योजना को अर्द्ध कुंभ को ध्यान में रखकर पूरी करने का सुझाव दिया। ऐसे में इस पुल को अर्द्ध कुंभ से पहले पूरा करने का दबाव है। मगर यह है बहुत मुश्किल। अभी तक टेंडर प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी है। ऐसे में लोक निर्माण विभाग इसे कैसे समय से पूरा करेगा, इस बात को लेकर विभागीय अधिकारी ही सशंकित हैं।
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