एक्साइज ड्यूटी के विरोध में प्रदर्शन करते सराफा कारोबारियों ने सोमवार को चौक क्षेत्र में खुली दुकानों को सील किया।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
एक्साइज ड्यूटी के विरोध में आंदोलन कर रहे सराफा कारोबारी दो फाड़ होते नजर आ रहे हैं। लगातार बंदी के कारण आर्थिक संकट झेल रहे कुछ सराफा कारोबारियों ने दुकानें खोलनी शुरू कर दी हैं। परिवार का खर्च चलाने के लिए काफी छोटे सराफ चोरी-छिपे दुकानें खोल रहे हैं तो कई मजबूरी में अपने घरों से ही कारोबार कर रहे हैं। एक्साइज ड्यूटी का विरोध कर रहे एक गुट को दुकानें खुलना रास नहीं आ रहा है सो सोमवार को प्रयाग सराफा मंडल के पदाधिकारियों के नेतृत्व में इन दुकानों को सील किया गया। व्यापारियों ने चौक में जुलूस भी निकाला। मंगलवार को शाम चार बजे चौक में मानव शृंखला बनाकर एक्साइज ड्यूटी का विरोध किया जाएगा।
सराफा व्यापारियों की बंदी सोमवार को 40 दिन भी जारी रही। इस बीच मीरगंज सराफ मंडी में काफी व्यापारियों ने दुकानें खोल लीं। कई दुकानों को पीछे के दरवाजे से खोलकर जेवरात बिक्री की जा रही हैं। सराफा मंडल के अध्यक्ष कुलदीप सोनी एवं कोषाध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल के नेतृत्व में ऐसी तकरीबन तीन दर्जन दुकानें सील की गईं। इस दौरान निर्णय लिया गया कि एक्साइज ड्यूटी खत्म होने तक आंदोलन जारी रहेगा और इसके विरोध में अब खुद निर्णय लेंगे। तय हुआ कि इस काले कानून के विरोध में आम जनता का भी सहयोग लिया जाएगा।
उधर, महामंत्री संजय वर्मा के नेतृत्व में शाम चार बजे जुलूस निकाला गया जो विभिन्न मार्गों से होकर चौक में पहुंचकर समाप्त हुआ। इसमें विष्णु अग्रवाल, राजू अग्रवाल, हेमंत सोनी, विनय मिश्रा, रवींद्र वर्मा, विशाल वर्मा, अतुल वर्मा, जितेंद्र केसरवानी, लाली सरदार, दिनेश सिंह, अनूप सिंह, दीपू, पप्पनजी, राधे-राधे, युवराज सिंह, नीलू वर्मा, आकाश श्रीवास्तव आदि शामिल थे।