घटना की जांच करती पुलिस
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खंगाली जाएगी सीडीआर
सूत्रों का कहना है कि पुलिस अस्पताल के दोनों कर्मचारियों की भी कॉल डिटेल रिपोर्ट खंगालेगी। दरअसल उनके बयान की तस्दीक के लिए यह बहुत जरूरी है। कॉल डिटेल रिपोर्ट से यह साफ हो जाएगा कि उनके बयान के अनुसार घटना घटी या नहीं। इसके अलावा घटना से पहले उन्होंने कब किससे संपर्क किया, इसकी भी जांच की जाएगी। उधर घटना के बाद पुलिस अफसरों ने भी दोनों से घंटों पूछताछ की।
बदमाशों को पहचाने जाने का था डर
सूत्रों के मुताबिक, घटना के बाद पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो पता चला कि बदमाश हेलमेट पहनकर आए थे। बाइक चलाने वाले व पीछे बैठे उसके साथी दोनों ने हेलमेट लगा रखा था। इससे आशंका यह भी जताई जा रही है कि हो सकता है कि लुटेरे स्थानीय हों और उन्हें पहचाने जाने का डर हो। फिलहाल पुलिस जांच पड़ताल में जुटी है।
बैंक से ही तो नहीं की रेकी?
जिस तरह से वारदात को अंजाम दिया गया, उससे यह भी आशंका जताई जा रही है कि हो सकता है कि लुटेरे बैंक से ही अस्पतालकर्मियों के पीछे लगे थे। दरअसल प्रह्लाद ने पूछताछ में पुलिस को बताया कि बैंक से नकदी लेकर निकलने के करीब 15 मिनट बाद ही यह वारदात हुई। बदमाश सीधे उसके पास आए और बैग पर झपट्टा मारा। यानी उन्हें मालूम था कि नकदी बैग में है। पुलिस ने बैंक में लगे सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले हैं।