एक महीने से चल रही थी प्लानिंग
पुलिस के मुताबिक, अंजनी ने पूछताछ में बताया कि इस हत्याकांड की साजिश उसने, खीरी के ही भट्ठा संचालक पंकज मिश्रा के साथ मिलकर रची। उन दोनों के कहने पर हिस्ट्रीशीटर विपुल कोरी व उसके मिर्जापुुर निवासी दो साथियों ने वारदात अंजाम दी। उसने धोखे से मृतक को सलैया पहाड़ी पर बुलाया, जिसके बाद विपुल ने अपने दोनों साथियों संग मिलकर उसकी हत्या कर दी। यह भी बताया कि उसे मारने की प्लानिंग पिछले एक महीने से चल रही थी।
हत्यारों की यह थी मृतक से रंजिश
पुलिस अफसरों ने बताया कि पूछताछ में यह बात सामने आई है कि हत्या में शामिल तीन आरोपियों की संजय से रंजिश थी। पंकज भी भट्ठा संचालक है, लेकिन संजय के बेहद व्यवहारी व प्रभावशाली होने के कारण उसका व्यवसाय चल नहीं पा रहा था। अंजनी भी जेसीबी आदि चलवाता था, लेकिन मृतक के चलते उसका काम गति नहीं पकड़ रहा था। एक अन्य आरोपी विपुल मृतक से ब्यूटी पार्लर चलाने वाली युवती को लेकर रंजिश रखता था। इसी युवती को लेकर एक बार संजय ने उसे बेइज्जत भी किया था।
फंसाना चाहते थे पड़ोसियों को
पुलिस ने बताया कि परिवारवालों की ओर से नामजद कराए गए आरोपियों की अब तक मामले में कोई संलिप्तिता नहीं सामने आई है। दरअसल कुछ दिन पहले मृतक का नामजद आरोपियों से झगड़ा हुआ था। अंजनी व उसके साथियों ने इसी मौके का फायदा उठाया। उन्होंने सोचा था कि हत्या का शक उन्हीं पर जाएगा। ऐसा हुआ भी। जब परिजनों ने शक के आधार पर उन्हें ही नामजद भी कराया, लेकिन जांच में सच्चाई सामने आ गई।