शहरियों को आवारा कुत्तों और छुट्टा मवेशियों से जल्द छुटकारा मिलेगा। नगर निगम ने इसके लिए तैयारी कर ली है। योजना के मुताबिक आवारा कुत्तों को रखने के लिए करेली स्थित हड्डी गोदाम में नया बाड़ा बनाया जाएगा। यहां पर बीमार कुत्तों के इलाज और नसबंदी की भी सुविधा रहेगी।
इसी तरह छुट्टा मवेशियों के लिए मरियाडीह में कान्हा गोशाला स्थापित की जाएगी। बुधवार को नगर निगम कार्यकारिणी की बजट बैठक में ये निर्णय लिए गए। बैठक में प्रारंभिक अवशेष सहित आठ अरब 15 करोड़ रुपये की आय और 8 अरब 15 करोड़ रुपये का व्यय बजट पेश किया गया। प्रस्तावों पर सदन की बैठक में चर्चा के बाद अमल किया जाएगा।
महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी की अध्यक्षता में हुई कार्यकारिणी की बैठक में वेंडिंग जोन बनाने का भी फैसला लिया गया। तय किया गया कि निगम कोष से दस फीसदी वेडिंग जोन स्थापित किए जाएंगे। जहां आवंटन में महिलाओं और स्वयं सहायता समूहों को प्राथमिकता दी जाएगी। बैठक में नगर निगम से आवंटित दुकानों और आवंटी की जांच का भी फैसला हुआ। आवंटन या कब्जा गलत होने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए अपर नगर आयुक्त मशीर अहमद के नेतृत्व में टीम बनेगी।
कार्यकारिणी उपाध्यक्ष अखिलेश सिंह, नगर आयुक्त रवि रंजन की मौजूदगी में तय किया गया कि सड़कों पर जगह-जगह लगे मार्ग सूचक पर बैनर लगाने वालों के लिए कार्रवाई की जाएगी। साथ ही 71 करोड़ रुपये से नाली, नाला और सड़क निर्माण के कार्य कराए जाएंगे। जोन एक और जोन 6 में पार्कों का नवीनीकरण स्मार्ट सिटी योजना के तहत कराने का फैसला लिया गया है। इसके लिए दस दिनों में टेंडर जारी किए जाएंगे।
निगम सीमा क्षेत्र में स्थित सभी कुंओं की सफाई कराने का भी निर्णय लिया गया। इस पर पूर्व की बैठकों में भी खर्च प्रस्तावित किया गया था। कार्यकारिणी उपाध्यक्ष अखिलेश सिंह ने 21 घाटों के सुंदरीकरण का भी प्रस्ताव रखा। 50 लाख रुपये खर्च से कन्हईपुर, नींवा, रसूलाबाद, दारागंज, छतनाग, ककरहाघाट समेत अन्य घाटों की सूरत बदलने की योजना है। सभी प्रस्ताव निगम के सदन की बैठक में रखे जाएंगे।
नैनी, झूंसी और फाफामऊ तक भी जाएंगे शव वाहन
शहरी नगर सीमा के विस्तार के बाद अब नगर निगम के शव वाहन नैनी, झूंसी और फाफामऊ में रहने वालों की मांग पर भेजे जाएंगे। कार्यकारिणी की बैठक में निर्णय लिया गया कि नैनी, झूंसी, फाफामऊ और बम्हरौली के आगे का बड़ा इलाका निगम सीमा में शामिल हो चुका है। ऐसे में चार नए शव वाहन खरीदे जाएंगे। साथ ही दारागंज और शंकरघाट शवदाह गृह को 24 घंटे चलाने और 21 श्मशान घाटों पर शेड, पानी, शौचालय और बैठने की व्यवस्था का करने का भी निर्णय लिया गया।
अवैध कब्जेदारों को देना होगा नए सर्किल रेट से पैसा
करेली क्षेत्र में नजूल की 400 बीघा जमीन पर अवैध कब्जा है। इन कब्जेदारों को नगर निगम की ओर से नोटिस भेजा चुका है। बुधवार को कार्यकारिणी की बैठक में प्रस्ताव रखा गया कि अवैध कब्जेदारों को नए सर्किल रेट से नवीनीकरण कराकर मालिकाना हक दिया जाए। यह प्रस्ताव शासन को भेजा जाना है। नए सर्किल रेट में उक्त भूमि का मूल्य 28 हजार रुपये प्रति वर्ग मीटर निर्धारित किया गया है। बता दें कि 2004 से यहां पर धीरे-धीरे लोगों ने कब्जा करके निर्माण कराया रखा है।