मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत अनुपस्थित, स्थानांतरित और मृत (एएसडी) मतदाताओं को तलाशने का काम तेज हो गया है। जिले में एएसडी श्रेणी में 1.20 लाख मतदाता हैं। बीते एक सप्ताह के दौरान एएसडी श्रेणी के दस हजार मतदाता सफलता पूर्वक मिल चुके हैं। दरअसल पिछले दिनों ही जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा ने सभी बीएलओ और सुपरवाइजरों को निर्देश दिया था कि वह एएसडी श्रेणी में शामिल किए गए मतदाताओं की गहनता से जांच करें। ताकि कोई भी पात्र मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित न रहे और कोई भी अपात्र व्यक्ति शामिल न हो सके। शुक्रवार की शाम तक दस हजार मतदाता मिल चुके हैं। उधर इस अभियान को लेकर शुक्रवार को डीएम ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ एक बैठक भी की। उन्होंने एएसडी मतदाताओं के पुर्न-सत्यापन और मैपिंग के कार्यों की प्रगति की जानकारी दी और सभी प्रतिनिधियों से सहयोग मांगा।
81 फीसदी मतदाताओं की हो गई मैपिंग
डीएम ने बताया कि कुल 28,56,676 (81.38 प्रतिशत) मतदाताओं का डिजिटाइजेशन के अनुसार मैपिंग का कार्य शुक्रवार तक पूरा कर लिया गया है। शेष काम को जल्द से जल्द पूरा करने के लिए टीमें लगातार कार्यरत हैं। उन्होंने कहा कि नए वोटर फॉम-6 को भरें। राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से भी अपील की गई कि वह लोगों को फॉर्म भरने में सहयोग करें, ताकि 28 फरवरी को प्रकाशित होने वाली अंतिम मतदाता सूची में उनका नाम शामिल हो सके। बैठक में उप जिला निर्वाचन अधिकारी पूजा मिश्रा भी मौजूद रहीं।