जिला समाज कल्याण अधिकारी प्रवीण कुमार सिंह को निलंबित कर दिया गया है। उन पर जय प्रकाश नारायण सर्वोदय विद्यालय में प्रधानाचार्य के रिक्त पदों पर नियमों की अवहेलना करते हुए प्रभार देने का आरोप है। इसके अलावा कागजातों तथा बिल को प्रभारी प्रधानाचार्य का हस्ताक्षर कराए बगैर ही स्वीकृत करने का भी आरोप है।
शासनादेश के अनुसार प्रधानाचार्य का पद रिक्त होने की स्थिति में उसी विद्यालय के वरिष्ठतम प्रवक्ता को प्रभार सौंपा जाना चाहिए। इसके विपरीत कौड़िहार व सुरवल सहनी सर्वोदय बालिका विद्यालयों में प्रधानाचार्य का प्रभार अधीक्षक को दे दिया गया। निदेशालय के निर्देश के बाद कौड़िहार में तो अधीक्षक को हटाकर वरिष्ठम प्रवक्ता को प्रधानाचार्य का प्रभार सौंपा गया लेकिन सुरवल सहनी में इस आदेश की अनदेखी की गई।
इसके अलावा बिल आदि पर प्रधानाचार्य के हस्ताक्षर नहीं कराए गए। उप निदेशक समाज कल्याण की जांच में भी यही बातें सामने आईं। इन आरोपों को गंभीर मानते हुए शासन की ओर से मंगलवार को प्रवीण कुमार सिंह को निलंबित किए जाने का आदेश जारी कर दिया गया। निलंबन के दौरान वह लखनऊ निदेशालय से संबद्ध रहेंगे।