सदन की बैठक में महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी की मौजूदगी में मूल आय व्यय बजट प्रस्तुत किया गया। शहर के विकास और अन्य कार्यों के लिए बजट में नदी किनारे के घाटों की साफ-सफाई के लिए 25 लाख रुपये अलग से आवंटित किए गए हैं।
नगर निगम में सोमवार को वित्तीय वर्ष 2022-23 का मूल आय-व्यय बजट सदन के पटल पर रखा गया। जिसे ध्वनिमत से पास कर दिया गया। इसमें मौजूदा वित्तीय वर्ष में आठ अरब रुपये से शहर के विकास का खाका खींचा गया। शहर की साफ-सफाई के लिए बजट में डेढ़ अरब से अधिक का मद निर्धारित किया गया है। साथ ही जल संभरण और जल निस्तारण के लिए बजट में दो अरब से अधिक की धनराशि आवंटित की गई है।
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सदन की बैठक में महापौर अभिलाषा गुप्ता नंदी की मौजूदगी में मूल आय व्यय बजट प्रस्तुत किया गया। शहर के विकास और अन्य कार्यों के लिए बजट में नदी किनारे के घाटों की साफ-सफाई के लिए 25 लाख रुपये अलग से आवंटित किए गए हैं। इसके साथ ही सड़कों के निर्माण, उनकी मरम्मत, नालियों, गलियों आदि के लिए 67 करोड़ रुपये तय किए गए हैं। वहीं सीमा क्षेत्र के विस्तार के बाद शामिल नए इलाकों में जन सुविधाओं के लिए भी बजट में व्यवस्था की गई है।
सदन की बैठक में पार्षदों ने जनसमस्याओं को लेकर कई मुद्दे भी उठाए। जिसके निस्तारण के लिए जल्द कार्रवाई करने का भरोसा दिलाया गया। वहीं खर्चों के साथ ही निगम की आय बढ़ाने की तैयारियों पर भी चर्चा हुई। जिससे विकास कार्यों को लेकर होने वाले खर्चों की व्यवस्था हो सके।
सदन की बैठक में उठे प्रमुख मुद्दे
1. ओटीएस योजना फिर से लागू हो, इसमें कामर्शियल और सेमी कामर्शियल भवनों को भी शामिल करने
2. आजाद पार्क के सामने खड़े रहने वाले स्कूल वाहनों से होने वाली समस्या
3. नर्सिंगहोम, कोचिंग संस्थानों के पास पार्किंग न होने का मसला
4. निगम परिसर में महिला पार्षदों और कर्मचारियों के लिए अलग से शौचालय का निर्माण
5. जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए नर्सिंगहोम को निगम से जोड़े जाने