प्रयागराज जंक्शन के पार्सल कार्यालय के संपूर्ण प्रबंधन को निजी हाथों में सौंपने की तैयारी उत्तर मध्य रेलवे (एनसीआर) प्रशासन ने की है। आउटकम-एक्टिविटी के आधार पर तीन साल के लिए करीब 8.85 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से ई-निविदा आमंत्रित की गई है। इसे जुलाई में ही आवंटित कर दिया जाएगा। अगस्त से पार्सल सेवा निजी संस्था के हाथों में होगी।
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इस बदलाव के बाद अब बुकिंग काउंटर से लेकर माल की पैकिंग, सुरक्षा, उसे ट्रेनों में चढ़ाने-उतारने और डिलीवरी तक की पूरी जिम्मेदारी आउटसोर्स किए गए निजी कर्मचारियों की होगी। इस व्यवस्था के आने से जहां एक ओर सरकारी सुस्ती, पार्सल छूटने और डिलीवरी में देरी जैसी पुरानी समस्याओं से निजात मिलने की उम्मीद है, वहीं दूसरी ओर पार्सल भेजना महंगा होने की भी आशंका जताई जा रही है। वाणिज्यिक नियंत्रण हटने से सेवाओं के दाम बढ़ सकते हैं जिससे छोटे व्यापारियों और आम जनता प्रभावित होगी। मंडल पीआरओ अमित कुमार सिंह के अनुसार, टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।