119 बसों का संचालन बंद होने से बढ़ी दिक्कत
प्रयागराज में जेएनएनयूआरएम योजना के तहत 28 रूटों पर बसों का संचालन होता था, लेकिन फिटनेस प्रमाणपत्र न मिल पाने की वजह से 119 बसें फरवरी 2023 में बंद कर दी गई। इन बसों के माध्यम से शहर से ग्रामीण अंचल का भी संपर्क टूट गया। ऐसे में सारा बोझ अब 50 इलेक्ट्रिक बसों पर ही बढ़ गया है। इन बसों में काफी भीड़ भी रहती है। इनका संचालन भी महज पांच रूट पर हो रहा है। ऐसे में ग्रामीण अंचल से आने वाले लोगों के पास प्राइवेट एवं डग्गामार वाहनों का ही सहारा रह गया है।
पिछले वर्ष हुआ था प्रयागराज को 200 ई-बस देने का निर्णय
पिछले वर्ष ही घोषणा हुई थी कि प्रयागराज को नगर विकास विभाग और पीएम ई-बस योजना से 100-100 बसें मिलनी है। उम्मीद जताई जा रही थी कि फरवरी 24 के बाद चरणवद्ध तरीके से इन बसों का आवंटन शुरू हो जाएगा, लेकिन वित्तीय वर्ष 2024-25 शुरू हो जाने के बाद भी यहां एक भी नई ई बस शासन मुहैया नहीं करा सका है। प्रयागराज सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेज लिमिटेड के निदेशक एमके त्रिवेदी से इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि प्रयागराज में अगले वर्ष महाकुंभ का आयोजन है। शासन की प्राथमिकता में प्रयागराज है। नगर विकास विभाग को जैसे ही बसें मिलेंगी वह प्रयागराज को आवंटित हो जाएंगी। महाकुंभ के पूर्व 200 नई ई बसों का संचालन शुरू हो जाएगा।