प्रयागराज एक्सप्रेस की 36वीं वर्षगांठ पर बृहस्पतिवार को ट्रेन को गुब्बारों से सजाया गया। हालांकि, जंक्शन पर पिछले वर्ष की तरह कोई कार्यक्रम आयोजित नहीं किया गया। बता दें कि 16 जुुलाई 1984 को ही प्रयागराज एक्सप्रेस अपने पहले सफर पर प्रयागराज जंक्शन से दिल्ली के लिए रवाना हुई थी। वर्तमान समय प्रयागराज एक्सप्रेस एनसीआर की सर्वाधिक कमाई वाली एवं वीआईपी ट्रेन है।
कानपुर शताब्दी से ज्यादा प्रयागराज एक्सप्रेस की सालाना कमाई होती है। रेलवे द्वारा बीते 36 वर्ष के दौरान समय-समय पर ट्रेन में यात्री सुविधा को लेकर खासे बदलाव भी किए गए। वर्तमान दौर में यह ऐसी एकमात्र ट्रेन है जिसमें एलएचबी के 24 कोच लग रहे हैं। इस वजह से इसकी लंबाई 600 मीटर से ज्यादा है। इसके पूर्व दोपहर बाद ही यार्ड में खड़ी प्रयागराज एक्सप्रेस को सैनिटाइज करने के बाद उसे गुब्बारे से सजाने का काम शुरू हुआ।