शिवकुटी में स्नान करते समय गंगा में समाए दूसरे छात्र का भी शव बरामद हो गया है। घटना के तीसरे दिन उसका शव झूंसी के छतनाग घाट पर पानी में उतराया मिला। स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को गंगा से बाहर निकलवाया।
शिवकुटी में स्नान करते समय गंगा में समाए दूसरे छात्र का भी शव बरामद हो गया है। घटना के तीसरे दिन उसका शव झूंसी के छतनाग घाट पर पानी में उतराया मिला। स्थानीय लोगों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को गंगा से बाहर निकलवाया। उसकी शिनाख्त मोतीलाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एमएनएनआईटी) के बीटेक छात्र दीपेंद्र सिंह के रूप में हुई। उसके साथ डूबे उसके दोस्त विकास मौर्य का शव बुधवार को ही शिवकुटी गंगा घाट से पुलिस और गोताखोरों ने बरामद कर लिया गया था। दीपेंद्र की खोजबीन की जा रही थी।
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बता दें कि एमएनएनआईटी के पांच छात्र दो दिन पहले शिवकुटी स्थित कोटेश्वर महादेव मंदिर के सामने स्थित गंगा घाट पर स्नान करने गए थे। इसी दौरान गहरे पानी में जाने के कारण दीपेंद्र और विकास मौर्य डूब गए थे, जबकि उसके साथ स्नान करके रहे उनके तीन साथी किसी तरह बाहर आ गए थे। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस और गोताखोरों ने विकास और दीपेंद्र की खोजबीन शुरू कर दी थी।
मऊ के भिखारीपुर निवासी विकास का शव शुक्रवार को बरामद कर लिया गया था, जबकि राजस्थान के अलवर निवासी दीपेंद्र सिंह का शव शनिवार को झूंसी के छतनाग से बरामद किया गया। पुलिस शव को बरामद कर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।