अतरसुइया और मीरापुर में दूषित जलापूर्ति हजारों लोगों के लिए मुसीबत बनी है। जगह-जगह लीकेज से बढ़ी समस्या को दूर करने के लिए जलकल जोन दो में शिकायत के बाद भी मरम्मत नहीं कराई जा रही है। परेशान लोग पीने का पानी खरीद कर पीने को मजबूर हैं। स्थानीय लोगों ने इस बारे में नगर विकास मंत्री को पत्र भेजा है।
घनी आबादी वाले अतरसुइया में पाइप लाइन में लीकेज कई बार शिकायत के बाद भी दुरुस्त नहीं किया गया। परिणाम यह रहा कि तीन दिन से 200 से अधिक घरों में गंदा, मटमैला और बदबूदार पानी पहुंच रहा है। बाल्टी में भरा पानी पीना तो दूर अन्य कार्यों के उपयोग योग्य नहीं है।
इसी तरह मीरापुर मुख्यमार्ग के इर्दगिर्द सौ से अधिक घरों में गंदे पानी की आपूर्ति हो रही है। समाजसेवी सुमित श्रीवास्तव ने इसकी शिकायत जलकल विभाग के अफसरों से की लेकिन सुनवाई नहीं की गई। बताते हैं कि हाल में बनाई गई सड़कों के किनारे से गलियों तक गए कई पाइप टूटे हैं। गंदा पानी लोगों के घरों तक पहुंच रहा है। मानव एकता संघ के इरशाद अंसारी के मुताबिक जलकल जोन दो के अफसर और कर्मचारी लापरवाही बरत रहे हैं। लोग गंदा पानी पीकर बीमार हो रहे हैं।