एटीएम के बाहर लंबी लाइन में न लगना पड़े, इसके लिए लोगों ने नया रास्ता निकाल लिया है। जहां भी कैश वैन जाती दिख रही है, लोग उसके पीछे लग जा रहे हैं। कैश वैन जिस एटीएम पर रुक रही है, वहां लाइन लग जा रही है। हालांकि मंगलवार को भी शहर में आधे से ज्यादा एटीएम बंद होने से लोगों को खासी परेशानी हुई। इतना ही नहीं, जो खुले भी वहां लोगों की लंबी लाइन लगी रही और थोड़ी ही देर में एटीएम खाली हो गया।
सोमवार को कार्तिक पूर्णिमा होने की वजह से बैंक बंद थे। जो एटीएम खुले भी तो वे महज घंटे भर में खाली हो गए। ऐसे में यह पहले से तय था कि मंगलवार को बैंकों और एटीएम में लोगों की भारी भीड़ जुटेगी। ऐसा हुआ थी। सुबह से ही तमाम बैंकों के एटीएम में लोगों की लंबी लाइन लग गई। इंतजार लंबा होता देख तमाम लोग कैश वैन की एजेंसियों के इर्द गिर्द जमा हो गए। इस बीच बहुत से लोगों ने कैश वैन के पीछे अपने वाहनों को लगा दिया। ताकि वैन जिस एटीएम पर जाए, वहां वे जाकर लाइन में लग जाएं। कई को सफलता भी मिली। साउथ मलाका के प्रवीण शुक्ला सुबह पुलिस बूथ के पास यस बैंक के एटीएम पर खड़े थे।
इसी बीच उनकी निगाह वहां से गुजर रही एक कैश वैन पर पड़ी। प्रवीण बाइक से कैश वैन का पीछा करने लगे। इस दौरान कई अन्य युवक जो यस बैंक के एटीएम के बाहर खड़े थे, वे भी कैश वैन के पीछे भागने लगे। थोड़ी देर में वैन जीरो रोड स्थित एचडीएफसी बैंक की शाखा तक गई। वहां वैन के रुकते ही प्रवीण समेत तमाम लोग भाग कर लाइन में खड़े हो गए। थोड़ी ही देर में इन सभी को एटीएम से कैश भी मिल गया। इसी तरह राजरूपपुर के विजय उपाध्याय के लिए भी कैश वैन का पीछा करना फायदेमंद रहा। वे कैश वैन का पीछा करते हुए राजरूपपुर में ही बैंक ऑफ बड़ौदा के एटीएम तक पहुंच गए। यहां एटीएम में कैश लोड होने के बाद विजय उपाध्याय को भी आसानी से कैश मिल गया।