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पौष पूर्णिमा: संगम तीरे बर्फीली हवाओं पर आस्था की गठरी भारी, लाखों श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी

Mon, 17 Jan 2022 07:27 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
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Prayagraj News : पौष पूर्णिमा पर संगम तट पर जुटी श्रद्धालुओं की भीड़। - फोटो : प्रयागराज
माघ मेले के दूसरे सबसे बड़े स्नान पर्व पौष पूर्णिमा पर सोमवार की भोर से ही संगम पर आस्था की डुबकी लगने लगी। न बर्फीली हवाएं आस्था के कदमों को डिगा सकीं ना कोरोना संक्रमण का खौफ। छह डिग्री सेल्सियस तक लुढ़के पारे के बीच उत्साह से हर हर बम बम करते सिर पर आस्था की गठरी लिए श्रद्धालु संगम की ओर बढ़ते रहे।

कंपकंपी छुड़ा देने वाली ठंड के बीच पौष पूर्णिमा पर त्रिवेणी संगम तट पर देश के कोने-कोने से आए श्रद्धालुओं ने पुण्य की डुबकी लगाई। न ठिठुरन की चिंता और ना ही किसी चेहरे पर कोरोना संक्रमण का गम। आस्था के रंग में रंगे संतों-भक्तों ने पतितपावनी गंगा के दोनों तटों पर स्नान के साथ हीअन्न, वस्त्र का दान किया। कहीं जयकारे गूंजते रहे तो कहीं दीयों की लौ जलाकर मंगलकामनाएं की जाती रहीं।
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Prayagraj News : पौष पूर्णिमा पर संगम तट पर जुटी श्रद्धालुओं की भीड़। - फोटो : प्रयागराज
देर शाम तक घाटों पर रही भीड़
अरैल, झूंसी के अलावा रामघाट, काली घाट, दशाश्वमेध घाट के अलावा मेला क्षेत्र में सेक्टरवाइज बने 12 घाटों पर देर शाम तक संतों-भक्तों और कल्पावसियों ने पुण्य की डुबकी लगाई। त्रिवेणी की धारा में गोता लगाकर पुण्य कमाने की होड़ में युवा भी शामिल रहे। कल्पवासियों, श्रद्धालुओं की भीड़ तो उमड़ी ही, संतों की टोलियां भी स्नान के लिए दिन भर संगम पहुंचती रहीं।

कोई लेटते हुए तो कोई बाजेगाजे के साथ डुबकी लगाने पहुंचा। पौ फटने के साथ ही संगम केतट पर गठरी, झोला, कपड़ा रखने और सहेजने की चिंता हर तरफ दिखाई देने लगी। लाल मार्ग, काली मार्ग और त्रिवेणी मार्ग के अलावा गंगा पर बने पांटून पुलों कल्पवासियों की लाइनें लगी रहीं। स्नान घाटों हर श्रद्धालु के माथे पर तिलक-त्रिपुंड लगाने वाले पुरोहित भी भक्ति भाव का संचार करते रहे।
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Prayagraj News : माघ मेले में गश्त करते सिपाही। - फोटो : प्रयागराज
कल्पवासियों के साथ सेवा का भाव प्रदर्शित करें पुलिस के जवान: एसपी मेला
संगम समेत गंगा के अन्य घाटों पर सुरक्षित स्नान के लिए फ्लड कंपनी के जवानों के साथ प्रशिक्षित गोताखोर मोटर बोट से पेट्रोलिंग करते रहे। इसके अलावा जल पुलिस, एसडीआरएफ के जवान लगातार श्रद्धालुओं की निगरानी में मुस्तैद रहे। ड्रोन कैमरे और सीसीटीवी के माध्यम से चप्पे-चप्पे पर नजर रखी गई।

मेले में आने वाले कल्पवासियों-श्रद्धालुओं को आवागमन में कोई असुविधा ना हो, इसके लिए वाहनों की पार्किग संगम क्षेत्र के निकट कराई गई, ताकि संगम स्नान के लिए आने वालों को घाटों तक पहुंचने में ज्यादा पैदल न चलना पड़े। पुलिस अधीक्षक माघ मेला डॉ. राजीव नारायण मिश्र कमांडो दस्ते के साथ लगातार मेला क्षेत्र में भ्रमण करते रहे। पब्लिक ऐड्रेस सिस्टम के माध्यम से कोविड-19 के संक्रमण से बचने के लिए प्रोटोकॉल का पालन करने की अपील की जाती रही। मेला प्रभारी डॉ. राजीव नारायण मिश्र ने जवानों को कल्पवासियों के साथ सेवा भाव का व्यवहार प्रदर्शित करने का निर्देश दिया।

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Prayagraj News : संगम तट पर भजन करते साधु। - फोटो : प्रयागराज
मेलाधिकारी शेषमणि पांडेय कोरोना संक्रमण की चपेट में, पीडीए वीसी को माघ मेला का प्रभार
प्रयागराज मेला प्राधिकरण के मेलाधिकारी शेषमणि पांडेय सोमवार को कोरोना संक्रमण की चपेट में आ गए। जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद उन्होंने खुद को होम आइसोलेट कर लिया है। इसी के साथ मेलाधिकारी का प्रभार पीडीए वीसी अरविंद कुमार चौहान को सौंप दिया गया है। शेषमणि पांडेय की जांच रिपोर्ट निगेटिव न आने तक पीडीए वीसी ही माघ मेले का प्रभार देखेंगे। 
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Prayagraj News : संगम में डुबकी लगाते श्रद्धालु। - फोटो : प्रयागराज
गंगा में प्रवाह बढ़ा, त्रिवेणी मार्ग पर कल्पवासियों के दर्जनों शिविर जलमग्न

गंगा के जल प्रवाह में तेजी और कटान का दायरा बढ़ने के बाद पौष पूर्णिमा स्नान पर्व पर सोमवार को त्रिवेणी मार्ग के किनारे बसे 40 से अधिक शिविर जलमग्न हो गए। पानी भरने से बिजली के कई खंभे गिर गए।

उधर, दारागंज के सामने बसे गंग द्वीप में भी पानी भर गया। इससे कई संस्थाओं को विस्थापित होना पड़ा। इस बीच गंग द्वीप और त्रिवेणी मार्ग पर कटान से प्रभावित इलाकों की बिजली काट दी गई है। जानकारी मिलने के बाद मंडलायुक्त संजय गोयल के निर्देश पर बाढ़ खंड के अभियंताओं ने कटान रोकने के लिए मशक्कत शुरू कर दी है, ताकि कटान रोकी जा सके। 
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Prayagraj News : संगम में डुबकी लगाते साधु। - फोटो : प्रयागराज
शिविरों में पानी भरने से मची अफरातफरी
कटान की वजह से त्रिवेणी पांटून पुल से पार उतरने के बाद तट पर बसे दर्जनों शिविरों में सोमवार को पानी भरने से अफरा तफरी मच गई। जानकारी मिलने के बाद मंडलायुक्त संजय गोयल और प्रभारी मेलाधिकारी अरविंद कुमार चौहान ने सिंचाई बाढ़ खंड के अभियंताओं से स्थिति की जानकारी ली। साथ ही कटान रोकने के पुख्ता उपाय करने के निर्देश दिए गए।
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Prayagraj News : संगम तट पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़। - फोटो : प्रयागराज
सामान सुरक्षित करने में लगे रहे कल्पवासी
त्रिवेणी मार्ग के किनारे बने जिन शिविरों में पानी भर गया है, वहां से गृहस्थी का सामान हटाने के लिए देर रात तक मशक्कत जारी रही।  कहा जा रहा है कि यही हालात रहे तो दिक्कतें बढ़ सकती हैं। उधर, सिंचाई विभाग के अभियंताओं की टीम ने कटान से प्रभावित क्षेत्रों में कल्पवासियों और अन्य संस्थाओं के शिविरों को बचाने के लिए मशक्कत तेज कर दी है। कटान रोकने के लिए लगातार बाड़ लगाई जा रही है। जेसीबी मशीनें लगाकर तटबंध को ऊंचा करने के साथ ही बालू की बोरियां पाटी जा रही हैं। बावजूद इसके प्रवाह शिविरों की ओर बढ़ रहा है।
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