पौष पूर्णिमा पर बृहस्पतिवार को लाखों श्रद्धालुओं ने गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती के संगम में भोर से ही श्रद्धालुओं ने डुबकी लगानी शुरू कर दी। इसी के साथ ही यम, नियम के साथ कल्पवासियों ने एक माह तक चलने वाले अपने कल्पवास का भी शुभारंभ कर दिया। मेला प्रशासन ने दावा किया है कि प्रात: 10 बजे तक साढ़े पांच लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई है। शाम तक संख्या करीब 10 लाख तक पहुंच गई।
बुधवार की शाम से ही श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला शुरू हो गया था। भोर में पूरा माघ मेला इलाका जीटी जवाहर से संगम तट तक खचाखच भीड़ भर गई थी। सुरक्षा व्यवस्था का व्यापक बंदोबस्त किया गया है।