फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Paper Leak : सिपाही भर्ती पेपर लीक प्रकरण में अब तक छह किरदार आ चुके सामने, पूछताछ में मिले अहम सुराग

Fri, 12 Apr 2024 12:21 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

अंकित चंद्रलोक सिनेमा हाॅल के पास का रहने वाला है और वह टीसीआई के साथ ही गति, ब्लूडार्ट ट्रांसपोर्ट कंपनी में आउटसोर्सिंग कर्मचारियों का प्लेसमेंट कराता था। अंकित मिश्रा ही था जिसने रवि की जान पहचान तब टीसीआई में काम करने वाले सरायममरेज प्रयागराज के अभिषेक शुक्ला से कराई।
विज्ञापन
राजीव नयन मिश्र। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सिपाही भर्ती पेपर लीक प्रकरण कराने वाले गैंग में प्रयागराज के कुल छह लोग शामिल थे। इनमें मास्टरमाइंड राजीव नयन मिश्र के साथ ही पांच अन्य लोग भी थे जिनमें से चार अभी भी फरार हैं। यह खुलासा बुधवार को ग्रेटर नोएडा में गिरफ्तार पेपर लीक कांड के मुख्य साजिशकर्ता रवि अत्री ने एसटीएफ की पूछताछ में किया है। रवि अत्री ने इस पूरी साजिश का परत दर परत खुलासा किया है। उसने बताया है कि पेपर लीक मामले में पूर्व में गिरफ्तार मास्टरमाइंड राजीव नयन व अभिषेक शुक्ला निवासी सरायममरेज के अलावा पुष्कर पांडेय , संजय कुशवाहा व कामेश्वर मौर्य के अलावा अंकित मिश्रा भी शामिल था।

विज्ञापन


अंकित चंद्रलोक सिनेमा हाॅल के पास का रहने वाला है और वह टीसीआई के साथ ही गति, ब्लूडार्ट ट्रांसपोर्ट कंपनी में आउटसोर्सिंग कर्मचारियों का प्लेसमेंट कराता था। अंकित मिश्रा ही था जिसने रवि की जान पहचान तब टीसीआई में काम करने वाले सरायममरेज प्रयागराज के अभिषेक शुक्ला से कराई। इसके बाद अभिषेक व अन्य दो अन्य की मदद से ही रवि, राजीव नयन व डॉ. शुभम ने पेपर लीक कराया।

राजीव नयन का करीबी, कंसल्टेंसी में था पार्टनर

एसटीएफ सूत्रों का कहना है कि अंकित इस प्रकरण के मास्टरमाइंड राजीव नयन का बेहद करीबी है। वह जार्जटाउन में सीवाई चिंतामनि रोड पर स्थित उस कंसल्टेंसी में पार्टनर भी था जो राजीव नयन चलाता था। गौरतलब है कि भर्ती परीक्षाओं में सेंधमारी करने के साथ ही राजीव नयन एमबीबीएस से लेकर इंजीनियरिंग में दाखिले का रैकेट भी चलाता था। एडमिशन दिलाओ डॉट कॉम के नाम से संचालित होने वाली इस कंसल्टेंसी में मोटी रकम लेकर देश के टॉप कॉलेजों में एडमिशन दिलाने का दावा किया जाता था।

तीन अन्य नामों का अमर उजाला ने एक दिन पहले ही कर दिया था खुलासा
 

सिपाही भर्ती पेपर लीक प्रकरण में प्रयागराज के तीन नामों का खुलासा अमर उजाला ने एक दिन पहले ही कर दिया था। 10 अप्रैल के अंक में प्रकाशित खबर में बताया था कि झूंसी निवासी कामेश्वर मौर्य, बैरहना निवासी संजय कुशवाहा व यमुनानगर निवासी पुष्कर पांडेय भी इस खेल में शामिल थे। तीनों अभ्यर्थियों को पेपर रटवाने में शामिल थे और पेपर भी अपने करीबियों को भेजा था। यह तीनों रीवा स्थित रिसोर्ट में भी पहुंचे थे। एसटीएफ के एएसपी बृजेश सिंह ने बताया कि इन तीनों के साथ ही अंकित मिश्रा की तलाश की जा रही है। जबकि राजीव नयन तीन अप्रैल व अभिषेक शुक्ला 15 मार्च को ही गिरफ्तार कर जेल भेजे जा चुके हैं।

जल्द ही दोबारा प्रयागराज लाया जाएगा मास्टरमाइंड

एक दिन पहले रीवा ले जाते वक्त प्रयागराज भी लाए जाने वाले राजीन नयन मिश्र को जल्द ही दोबारा प्रयागराज लाया जाएगा। रिमांड बनने के बाद कौशाम्बी पुलिस उसे पुलिस कस्टडी रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी और इसी दौरान उसे औद्योगिक क्षेत्र स्थित उस अस्पताल में भी ले जाया जाएगा, जहां अभ्यर्थियों को आरओ-एआरओ भर्ती परीक्षा के प्रश्न व उत्तर रटवाए गए।

दरअसल वर्तमान में वह भले ही कस्टडी रिमांड पर हो लेकिन मेरठ पुलिस की पूछताछ व जांच पड़ताल महज सिपाही भर्ती परीक्षा पेपर लीक प्रकरण तक ही सीमित है। इसी क्रम में सोमवार को उसे रीवा ले जाते वक्त कुछ देर के लिए प्रयागराज में भी रोका गया। दरअसल उसने आईफोन यहीं छिपाने की बात बताई थी। ऐसे में इसी फोन की बरामदगी के लिए मेरठ पुलिस प्रयागराज में रुकी। हालांकि आईफोन बरामद नहीं हुआ।

पुलिस सूत्रों का कहना है कि आरओ-एआरओ भर्ती परीक्षा का पेपर लीक कराने के संबंध में मुकदमा कौशाम्बी के मंझनपुर थाने में दर्ज हुआ है। मंझनपुर पुलिस ही इस प्रकरण से संबंधित सभी बिंदुओं पर छानीबीन करने के साथ साक्ष्य जुटाएगी। फिलहाल उसका रिमांड बनवाने की कार्यवाही चल रही है। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि रिमांड बनने के बाद उसे कस्टडी रिमांड पर लेने के लिए कोर्ट में अर्जी दी जाएगी।

मंजूरी मिलने पर उसे कस्टडी रिमांड पर लेकर प्रयागराज लाया जाएगा और प्रकरण से संबंधित उन सभी स्थानों पर ले जाकर जांच पड़ताल की जाएगी जहां के बारे में अब तक गिरफ्तार अभियुक्तों ने जानकारी दी है। बता दें कि इसी मामले में गिरफ्तार गोंडा निवासी अमित सिंह ने ही इस बात का खुलासा किया है कि राजीव नयन के कहने पर उसने औद्योगिक क्षेत्र स्थित अस्पताल में ले जाकर अभ्यर्थियों को प्रश्न व उत्तर रटवाए।
विज्ञापन

मास्टरमाइंड का बी वारंट भेजा गया मेरठ जेल

समीक्षा अधिकारी- सहायक समीक्षा अधिकारी पेपर लीक प्रकरण में मास्टरमाइंड राजीव नयन मिश्रा का बी वारंट मेरठ जेल में भेज दिया गया है। बुधवार तक इसका तामीला भी करा दिया जाएगा। बी वारंट तामील होने के बाद जल्द ही उसे कौशाम्बी लाकर कोर्ट के समक्ष पेश किया जाएगा। जहां मंझनपुर पुलिस उसका रिमांड बनवाने के लिए अर्जी देगी।

राजीव नयन कौशाम्बी के मंझनपुर में इसी साल दर्ज मुकदमे में भी आरोपी है। इसी मुकदमे की विवेचना के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर पहले बर्खास्त सिपाही अरुण सिंह व उसके साथी स्कूल मैनेजर सौरभ शुक्ला को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से आरओ-एआरओ परीक्षा की प्रश्नपत्र बुकलेट बरामद की गई थी। इसके बाद ही राजीव नयन व उसके साथी अमित सिंह निवासी गोंडा को गिरफ्तार किया गया। इस मामले में मंझनपुर पुलिस ने उसका बी वारंट बनवाया है जिसे मेरठ जेल में भेज दिया गया है।

बुधवार तक बी वारंट तामील करा दिया जाएगा। मंझनपुर पुलिस का कहना है कि जल्द ही राजीव नयन को कौशाम्बी लाकर कोर्ट में पेश किया जाएगा। फिर उसका रिमांड बनवाया जाएगा। गौरतलब है कि फिलहाल राजीव नयन आरओ-एआरओ पेपर लीक प्रकरण में मेरठ के कंकड़खेड़ा थाने में दर्ज मुकदमे में गिरफ्तार कर जेल में निरुद्ध किया गया है। दो दिन पहले ही उसे छह दिन की पुलिस कस्टडी रिमांड पर लेकर मेरठ पुलिस प्रकरण से संबंधित अन्य साक्ष्य एकत्र करने में जुटी हुई है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें