इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हाथरस के जिला पंचायत सदस्य मनोज कुमार और उनकी पत्नी रजनी को अदालत के समक्ष दो जुलाई को पेश करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने कहा है कि बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दाखिल करने वाले दोनों याची दो जुलाई को महानिबंधक हाईकोर्ट के समक्ष प्रस्तुत हों। महानिबंधक कोविड 19 प्रोटोकॉल का पालन करते हुए दोनों की अदालत के समक्ष उपस्थिति सुनिश्वित करें।
मनोज कुमार द्वारा अपनी पत्नी रजनी के मार्फत दाखिल बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका पर यह आदेश न्यायमूर्ति अजीत कुमार ने दिया। याची के अधिवक्ता का कहना था कि पंचायत अध्यक्ष के चुनाव में अपने पक्ष में मतदान करने के लिए एक प्रत्याशी ने मनोज कुमार को अवैध निरुद्धि में रखा है। उसे मुक्त कराकर अदालत के समक्ष पेश किया जाए।
कोर्ट के समक्ष विरोधी पक्षकारों ने भी दलील रखी। अध्यक्ष पक्ष के दो प्रत्याशी याची का वोट अपने पक्ष में चाहते हैं। इस मामले में मनोज कुमार ने स्वयं भी हाईकोर्ट में पहले से बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दाखिल कर रखी है। कोर्ट ने मामले को दो जुलाई को पेश करने का निर्देश देते हुए दोनों याचिकाओं को एक साथ प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। साथ ही मनोज कुमार और उनकी पत्नी को अदालत में प्रस्तुत करने के लिए कहा है।