सिविल लाइंस थाने में तैनात दरोगा राजेश पाठक (55) की बृहस्पतिवार की सुबह स्नान करते समय हार्ट अटैक से मौत हो गई। राजेश ने बुधवार रात तक ड्यूटी की। देर रात अपने साथियों से मुलाकात भी की थी। तब तक सब कुछ सही था। सुबह हार्ट अटैक आने के बाद वे संभल नहीं पाए। डाॅक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। दारागंज घाट पर देर शाम अंतिम संस्कार किया गया।
मूल रूप से संत कबीर नगर के बखीरा कस्बा के रहने वाले राजेश पाठक (55) पुलिस विभाग में दरोगा थे। प्रयागराज में पिछले चार सालों से तैनात थे। वह कचहरी के पास पुलिस क्लब में रहते थे। पत्नी अमृता और दो बेटे हिमांशु और प्रखर लखनऊ के आशियाना इलाके में रहते हैं। कुछ दिनों पहले तक वह सिविल लाइंस थाने की लोक सेवा आयोग चौकी में बतौर चौकी प्रभारी तैनात थे। इस समय वह थाने से संबद्ध थे। बुधवार की रात वे उन्होंने सामान्य रूप से ड्यूटी की। रात में पुलिस क्लब में उन्होंने रात में करीब 12 बजे साथियों से मुलाकात की।
बृहस्पतिवार की सुबह वह स्नान कर रहे थे। इसी दौरान उनके सीने में दर्द उठा। वह गिरे को संभल नहीं पाए। साथी उन्हें लेकर अस्पताल पहुंचे जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। तुरंत घर वालों को सूचना दी गई। पिता ओंकार नाथ पाठक, मां, पत्नी और बच्चे कुछ ही घंटों में प्रयागराज पहुंच गए। सभी बिलख बिलख कर रोते रहे। पिता और मां के आंसू नहीं रुक रहे थे। पुलिस लाइन में अंतिम सलामी के बाद दारागंज घाट पर दरोगा राजेश पाठक का अंतिम संस्कार किया गया।