गुंडा टैक्स तो नहीं?
बिल्डरों का अतीक से लेनदेन की बात को लेकर कई तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं। दरअसल चर्चा आम है कि शहर में कुछ सफेदपोश ऐसे भी हैं, जो अतीक के बिजनेस पार्टनर भी हैं। पर्दे के पीछे से ही वह माफिया से मिलकर काम करते रहे हैं। माफिया और उसके गुर्गे भी इन्हीं सफेदपोशों के जरिए ब्लैकमनी को व्हाइट करते रहे हैं। उधर एक सवाल यह भी है कि कहीं किसी दहशत में आकर तो बिल्डरों की ओर से यह लेनदेन नहीं किया गया। यानी यह गुंडा टैक्स का खेल तो नहीं। जानकारों का कहना है कि फिलहाल इन सवालों का सही जवाब बिल्डरों से पूछताछ के बाद ही मिल सकेगा।
लगातार दूसरे दिन गुर्गों से पूछताछ
उधर बुधवार को लगातार दूसरे दिन अतीक के गुर्गों से पूछताछ जारी रही। एक दिन पहले ईडी के सिविल लाइंस स्थित स्थानीय इकाई के दफ्तर में प्रॉपर्टी डीलर जैद खालिद से घंटों पूछताछ हुई थी। उससे उसकी संपत्तियों व आय के स्रोत के संबंध में जानकारी हासिल की गई थी। ईडी ने अतीक के शूटर आबिद व करीबियों मो. मुस्लिम के अलावा इमरान, कामरान, जीशान को भी समन जारी कर पूछताछ के लिए बुलाया है। इन्हीं में से अतीक के एक करीबी गुर्गे से बुधवार को घंटों पूछताछ की गई।