Prayagraj News : मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज।
- फोटो : अमर उजाला।
प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में स्वास्थ्य सेवाओं को परखने के लिए राज्य सरकार की ओर से कराए गए निरीक्षण में मोती लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज अव्वल रहा। रविवार को शासन की ओर से जारी रिपोर्ट में एमएलएन मेडिकल कॉलेज को यह उपलब्धि मिली। जबकि दूसरे स्थान पर एलएलआरएम मेडिकल कॉलेज मेरठ रहा। परफार्मेंस स्टेटस स्कोर रिपोर्ट के लिए जनवरी से अगस्त तक मेडिकल कॉलेजों में हुई ओपीडी, आईपीडी, सर्जरी को आधार बनाया गया है। रिपोर्ट में एमएलएन मेडिकल कॉलेज में औसत मासिक ओपीडी 74319 बताई गई है। जबकि कॉलेज में मासिक सर्जरी 1250 है। इसके अलावा महीने में औसत आईपीडी 6 हजार है।
अस्पताल और कॉलेज में स्वास्थ्य सुविधाओं में लगातार इजाफा हुआ है। पिछले आठ महीनों में कई नई सेवाएं शुरू हुई है। विशेष रूप से पीएमएसएसवाई बिल्डिंग मेंकै थ लैब के शुरू होने के बाद से हृदय रोगियों को बड़ी राहत मिली है। अभी तक हृदय सेे जुड़ी जिन बीमारियों के लिए लोगों को लाखों रुपये खर्च करने पड़ते थे, अब आधे से भी कम खर्च में इलाज मिल रहा है।
साथ ही एंजियोप्लास्टी, एंजियोग्राफी, इंट्रावैक्सकुलर अल्ट्रासाउंड, यूरोलॉजी का लेजर तकनीकी से इलाज, कैंसर सर्जरी के लिए क्यूसा मशीन आदि सुविधाओं के कारण मरीजों की संख्या अस्पताल में बढ़ी हैं। वहीं लंबे समय से चिकित्सकों के खाली पडे़ पदों को भी भरा गया है। मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. एसपी सिंह ने रिपोर्ट आने पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि यह उपलब्धि पूरे जिले के लिए है। आगे भी उनकी टीम इसी प्रकार लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने में जुटी रहेगी। जिससे कॉलेज नई ऊंचाइयों को हासिल कर सके।
चिल्ड्रेन अस्पताल बनने से होगा लाभ
एसआरएन परिसर में नए चिल्ड्रेन अस्पताल बनाना है। अभी तक सरोजनी नायडू बाल चिकित्सालय में बच्चों का इलाज होता था। अस्पताल में 120 बेड ही हैं। नया अस्पताल के बनने के बाद बच्चों के इलाज में सुविधा होगी। अभी जन्म के बाद किसी भी प्रकार की दिक्कत होने पर तीमारदार चिल्ड्रेन अस्पताल जाते थे।