अमर गिरि की ही शिकायत पर दर्ज हुआ था मुकदमा
दाखिल अर्जी में यह भी कहा गया था कि समन तामील कराने के लिए पुलिस ने बाघम्बरी गद्दी आलापुर और संगम स्थित बड़े हनुमान जी मंदिर पर गई, लेकिन दोनों ही स्थान पर वह नहीं मिले। पूछने पर अन्य लोगों ने बताया कि बाबा अमर गिरि काफी दिनों से यहां नहीं आए हैं और उनके बारे में कोई जानकारी नहीं है। और यह भी नहीं पता है कि वह कहां गए हैं, उनका मोबाइल नंबर भी किसी के पास नहीं है। इस वजह से जमानती वारंट की तामिली नहीं हो सकी है।
बता दें की बाबा अमर गिरि महंत नरेंद्र गिरि आत्महत्या कांड के मुख्य गवाह है और उनकी ही शिकायत पर स्थानीय पुलिस ने मामले में प्राथमिक की दर्ज की थी। आत्महत्या के आरोप में महंत नरेंद्र गिरि के शिष्य आनंद गिरि, मंदिर के पुजारी आद्या गिरि और उनके बेटे संदीप तिवारी अभी जेल में बंद हैं। तीनों ने जमानत के लिए अर्जी दाखिल की थी लेकिन उनकी अर्जी खारिज हो चुकी है।