प्रयागराज जंक्शन पर चल रहे पुनर्विकास कार्य की वजह से रेलवे ने यहां आने वाली 24 ट्रेनों को छिवकी शिफ्ट तो कर दिया है, लेकिन उनकी लोकेशन यात्रियों को नेशनल ट्रेन इनक्वॉयरी सिस्टम (एनटीईएस ) में नहीं मिल पा रही है। इससे यात्रियों को मालूम ही नहीं पड़ पा रहा कि उनकी ट्रेन समय पर है या विलंबित। इतना ही नहीं, शिफ्ट ट्रेनें जब छिवकी स्टेशन पहुंचती हैं तो वहां लगे कोच इंडीकेटर बोर्ड में यह भी नहीं दर्शाया जा रहा है कि कौन सा कोच प्लेटफॉर्म के किस स्थान पर आएगा।
सोहबतियाबाग के रामजी मिश्रा ने बताया कि शनिवार एक जून को उनकी पत्नी को दरभंगा-पुणे एक्सप्रेस से सफर करना था। छिवकी पहुंचने के बाद वह प्लेटफॉर्म पर ट्रेन का इंतजार करने लगे। विलंब से जब ट्रेन पहुंची तो प्लेटफॉर्म पर लगे किसी भी कोच इंडीकेटर बोर्ड में यह दर्शाया ही नहीं गया कि कौन का कोच किस स्थान पर आएगा। इसके पूर्व ट्रेन की लाइव लोकेशन भी रेलवे की इनक्वॉयरी में नहीं दिख रही थी।
एनटीईएस में बनारस से प्रयागराज जंक्शन को सिर्फ निरस्त ही दिखाया जाता रहा। रविवार को राजरूपपुर के रवि केसरवानी को काशी एक्सप्रेस से लोकमान्य तिलक का सफर करना था। एनटीईएस में ट्रेन की लोकेशन न दिखाए जाने की वजह से उन्हें भी काफी दिक्कत हुई। उसमें वाराणसी तक ही ट्रेन की लोकेशन दिखाई जाती रही। बाद में ट्रेन घंटों विलंब से प्रयागराज छिवकी पहुंची।
रवि ने कहा कि अगर ट्रेनें शिफ्ट की गई हैं तो उसकी लोकेशन एनटीईएस में दिखाई देनी चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं हो रहा है। वहीं, दूसरी ओर छिवकी में आने वाली नियमित ट्रेनों की लोकेशन एनटीईएस में आ रही है। प्लेटफॉर्म पर लगे कोच इंडीकेटर बोर्ड में भी नियमित ट्रेनों के कोच डिस्प्ले भी हो रहे हैं, लेकिन जो ट्रेनें बीते एक माह से प्रयागराज जंक्शन की जगह छिवकी होकर चल रही हैं उनकी लोकेशन नहीं दिखाई जा रही है। इस बारे में एनसीआर प्रयागराज मंडल के पीआरओ अमित सिंह का कहना है कि अगर ऐसा हो रहा है तो उसे ठीक कराया जाएगा।