हेतापट्टी उपकेंद्र का निर्माण कार्य की गुणवत्ता ठीक नहीं, एमडी ने की कार्रवाई प्रयागराज। महाकुंभ-2025 के तहत गंगापार के हेतापट्टी में बन रहे 132/33 केवी विद्युत उपकेंद्र के कार्य में लापरवाही बरतने के आरोप में विद्युत महकमे के दो अभियंता पर गाज गिरी है। इन अभियंताओं को महकमे के प्रबंध निदेशक ने निलंबित कर दिया है। यह निलंबन मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत की रिपोर्ट के आधार पर हुआ है। मंडलायुक्त ने उपकेंद्र का निरीक्षण किया था, उन्हें इस दौरान कंक्रीट व ब्रिक मेसनरी के कार्य की गुणवक्ता सही नहीं मिली थी।
उन्होंने अधिकारियों से जवाब तलब किया तो स्पष्ट जवाब भी अधिकारी नहीं दे सके। इसके बाद मंडलायुक्त ने विभाग के उच्चाधिकारियों को पत्र लिखकर इस बारे में जानकारी दी और दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई करने की संस्तुति की।
उत्तर प्रदेश पॉवर कारपोरेशन के अध्यक्ष आशीष कुमार गोयल ने इस बाबत एमडी स्तर की जांच कराई और त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। विभाग के एमडी पी. गुरुप्रसाद ने मंडलायुक्त की रिपोर्ट का संज्ञान लेते हुए विद्युत जनपद पारेषण खंड के उपखंड अधिकारी आलोक कुमार यादव और अवर अभियंता अरुण कुमार गुप्ता को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
निलंबन आदेश के मुताबिक निलंबन की अवधि में अवर अभियंता को मुख्य अभियंता कार्यालय लखनऊ संबद्ध किया गया है। दो अभियंताओं पर निलंबन की कार्रवाई होने से शनिवार को विद्युत विभाग के दफ्तरों में दिनभर हड़कंप मचा रहा। इससे पहले भी कार्य में लापरवाही बरतने में एक्सईएन यमुनापार समेत पांच अभियंता को निलंबित किया गया था।