पांच सौ और हजार के नोट बंद होने के बाद शहर में आयकर विभाग के सबसे पहले निशाने पर आया तुलसियानी ग्रुप। बुधवार को आयकर विभाग की टीम ने शहर और मेरठ में तुलसियानी ग्रुप के आधा दर्जन प्रतिष्ठानों पर एक साथ सर्वे की कार्रवाई की जो देर रात तक जारी रही। कार्रवाई में करोड़ों रुपये की बेनामी संपत्ति और नगदी का पता चला है। टीम को कई बैंकों में लॉकर्स का पता चला, जिन्हें सील कर दिया गया। इसके साथ प्रापर्टी के कागजात भी मिले हैं, लेकिन अफसर इस बारे में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं। मेरठ में एनएच-58 पर बन रहे सिल्वर ल्यून उर्ब सन साइन कॉलोनी में भी टीम ने रिकॉर्ड खंगाले। जल्द ही अन्य बिल्डरों के साथ सराफा कारोबारियों के खिलाफ भी कार्रवाई संभव है।
वाराणसी से आई आयकर विभाग की टीम ने तुलसियानी ग्रुप के सिविल लाइंस स्थित तुलसियानी प्लाजा, एलगिन रोड स्थित तुलसियानी कंस्ट्रक्शन डेवलपर्स लिमिटेड, अपोलीबाग स्थित आवास, बालसन चौराहा स्थित एक केमिस्ट शाप समेत दो अन्य प्रतिष्ठानों पर धावा बोला। भारी संख्या में पुलिस फोर्स के साथ सभी ठिकानों पर एक साथ हुई कार्रवाई से हड़कंप मच गया। लखनऊ कंट्रोल यूनिट के नेतृत्व में काम कर रही अलग-अलग टीमों ने सभी ठिकानों पर पहुंचकर वहां मौजूद कर्मचारियों और अन्य लोगों को बाहर जाने से रोक लिया। वहीं दूसरी ओर एडिशनल कमिश्नर एमके जैन के नेतृत्व में मेरठ में भी दो गाड़ियों में करीब एक दर्जन अधिकारी सन साइन कॉलोनी पहुंचे और साइट आफिस में तमाम रिकॉर्ड कब्जे में लेकर पड़ताल शुरू की। इस दौरान अधिकारियों ने किसी से बात करना तो दूर, निर्माणाधीन कॉलोनी के भीतर भी किसी को प्रवेश नहीं करने दिया।
अफसरों ने तुलसियानी ग्रुप के सभी ठिकानों को खंगाला। फाइलें निकालकर बारीकी से जांच की। आयकर विभाग के सूत्रों के मुताबिक प्रारंभिक जांच-पड़ताल में करोड़ों की बेनामी संपत्ति सामने आई है। बैंक लॉकरों में भी करोड़ों की ज्वेलरी के साथ प्रापर्टी से जुडे़ कागजात होने का भी अनुमान लगाया जा रहा है। हालांकि अफसर इस बारे में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं। उधर, शहर के कई अन्य बिल्डर और सराफा कारोबारी भी आयकर विभाग के निशाने पर हैं। दिल्ली मुख्यालय से भेजे गए नोटिस का संतोषजनक जवाब न मिलने पर ऐसे लोगों के यहां भी 18 नवंबर के बाद कार्रवाई हो सकती है।
आयकर विभाग के सर्वे की सूचना मिलने के बाद शहर के सराफा व्यापारियों में भी हड़कंप मच गया। दोपहर बाद जैसे ही सर्वे की खबर लगी, चौक मीरगंज, बादशाही मंडी, जीरो रोड, कटरा आदि पर ज्वेलरी की काफी दुकानों के शटर धड़ाधड़ गिर गए। सिविल लाइंस में भी कई बड़े शोरूमों में हड़कंप रहा। अचानक दुकानों के शटर बंद होने से आसपास के दुकानदार भी सकते में आ गए। आयकर सर्वे का पता चलने पर मुट्ठीगंज में किराना, गल्ला तथा चौक में कपड़े के कुछ थोक कारोबारियों ने भी आनन-फानन में प्रतिष्ठानों का शटर गिराकर ताला लटका दिया।