इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पूर्व सांसद उमाकांत यादव की जमानत अर्जी पर शिकायतकर्ता को जवाब दाखिल करने का समय दिया है और अर्जी को सुनवाई के लिए सात सितंबर को पेश करने का निर्देश दिया है।
उमाकांत पर गांधी आश्रम पर अवैध कब्जा करने के आरोप में आजमगढ़ के फूलपुर थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई है। सत्र न्यायालय ने जमानत अर्जी खारिज कर दी थी, जिसके चलते बाद में हाईकोर्ट में अर्जी दाखिल की गई है।
यह आदेश न्यायमूर्ति बच्चू लाल ने दिया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि याची के विरुद्ध आठ हत्या के अपराध सहित 65 आपराधिक मामले विचाराधीन हैं। उसे भी सुना जाए। पुराहादी अंबरी गांव में गांधी आश्रम है।
27 सितंबर 19 की शाम पांच बजे उमाकांत के उकसाने पर उसके दो बेटों रविकांत व दिनेश यादव ने अन्य लोगों के साथ मिलकर ताला तोड़कर आश्रम भवन पर अवैध कब्जा कर लिया। सरकारी सामान लूट लिया। लालचंद यादव ने चार अक्तूबर 19 को एफआईआर दर्ज कराई है। याची का कहना है कि जमीन उसकी मौरूसी संपत्ति है, उसका कब्जा अवैध नहीं है।