फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

High Court : रेलवे के वकीलों की फीस में बंपर बढ़ोतरी, कई मदों में 60 फीसदी तक इजाफा

Wed, 10 Jun 2026 11:34 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

रेलवे बोर्ड ने अपने पैनल के वकीलों की फीस और भत्तों में 20 से 60 प्रतिशत तक की वृद्धि की है। नई दरें एक फरवरी 2026 से प्रभावी मानी जाएंगी और इनके क्रियान्वयन के आदेश जारी कर दिए गए हैं।
विज्ञापन
अदालत का फैसला। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

रेलवे बोर्ड ने अपने पैनल के वकीलों की फीस और भत्तों में 20 से 60 प्रतिशत तक की वृद्धि की है। नई दरें एक फरवरी 2026 से प्रभावी मानी जाएंगी और इनके क्रियान्वयन के आदेश जारी कर दिए गए हैं।

विज्ञापन


संशोधित व्यवस्था के तहत सुप्रीम कोर्ट में ग्रुप ए के अधिवक्ताओं को नियमित अपीलों की अंतिम सुनवाई के लिए अब 16 हजार रुपये के स्थान पर 21,600 रुपये प्रतिदिन फीस मिलेगी। वहीं हाईकोर्ट और केंद्रीय प्रशासनिक अधिकरण में वरिष्ठ अधिवक्ताओं की प्रभावी सुनवाई फीस 9 हजार रुपये से बढ़ाकर 14,400 रुपये प्रतिदिन कर दी गई है।

सामान्य पैनल अधिवक्ताओं को भी राहत देते हुए उनकी फीस 3,000 रुपये से बढ़ाकर 3,600 रुपये प्रतिदिन कर दी गई है। जिला एवं अधीनस्थ न्यायालयों में कार्यरत अधिवक्ताओं की मासिक रिटेनरशिप फीस 6,000 रुपये से बढ़ाकर 9,600 रुपये कर दी गई है।
विज्ञापन


इसके अलावा प्रभावी सुनवाई की फीस 1,800 रुपये से बढ़ाकर 2,880 रुपये तथा ड्राफ्टिंग फीस 1,500 रुपये से बढ़ाकर 2,400 रुपये कर दी गई है। मध्यस्थता मामलों में वरिष्ठ अधिवक्ताओं को अब प्रति सुनवाई 3,600 रुपये फीस मिलेगी।

इसके साथ ही यात्रा, होटल और क्लर्क व्यय की सीमा भी सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों के अनुरूप बढ़ा दी गई है। रेलवे बोर्ड के विधि सलाहकार एमसी प्रूस्ती द्वारा एक जून को जारी आदेश के अनुसार संशोधित दरें एक फरवरी 2026 से लागू मानी जाएंगी। उत्तर मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शशिकांत त्रिपाठी ने बताया कि नए आदेश को अमल में ला दिया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें