नगीना के सांसद और आजाद समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद को इलाहाबाद हाईकोर्ट से राहत मिली है। कोर्ट ने ट्रायल कोर्ट के उन्मोचन अर्जी को खारिज करने के आदेश को रद्द करते हुए अर्जी पर नए सिरे से सुनवाई करने का आदेश दिया है। मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति समीर जैन की एकल पीठ ने की।
सहारनपुर कोतवाली देहात थाना क्षेत्र में 2017 में जातीय हिंसा हुई थी। मामले में शिकायतकर्ता सुधीर कुमार गुप्ता ने अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया था। पुलिस ने विवेचना के दौरान करीब 14 लोगों को आरोपी बनाया। चंद्रशेखर के खिलाफ भी हिंसा भड़काने और अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।
चंद्रशेखर ने 10 मार्च 2025 को सहारनपुर की एसीजेएम कोर्ट में डिस्चार्ज प्रार्थना (उन्मोचन अर्जी) पत्र दाखिल किया था, जिसे खारिज कर दिया गया। इस आदेश के खिलाफ उन्होंने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की। कोर्ट ने पक्षों को सुनने के बाद ट्रायल कोर्ट के आदेश को रद्द कर दिया। साथ ही उन्मोचन अर्जी पर नए सिरे से फैसला लेने का आदेश दिया।