बार में एकत्र कैश बैक खाते में जमा करने का निर्देश, 18 अक्तूबर तक जमा होगा सदस्यता शुल्क, छुट्टी में भी बार कार्यालय में होगा कार्य, खर्च की गई रकम की जांच के लिए कमेटी गठित।
इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन की एल्डर कमेटी ने वित्तीय व प्रशासनिक अधिकार अपने हाथ में ले लिए हैं। बार के खातों से लेन-देन कमेटी के अध्यक्ष वरिष्ठ अधिवक्ता शशि प्रकाश सिंह व वरिष्ठ सदस्य वरिष्ठ अधिवक्ता एनसी राजवंशी के हस्ताक्षर से किया जाएगा। एल्डर कमेटी ने कार्यालय अधीक्षक को बार के कार्यालय में जमा नकदी तत्काल बैंक खाते में जमा करने का निर्देश दिया है।
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इससे पहले निवर्तमान महासचिव प्रभाशंकर मिश्र ने 6 अगस्त 21 के आदेश से नकद प्राप्त राशि बैंक में जमा करने पर रोक लगा दी थी। वकालतनामे पर सौ रुपये के कूपन के प्रतिदिन लाखों रुपये बार में जमा होते हैं। कमेटी को रिपोर्ट दी गई कि कार्यालय में 18 लाख 97 हजार 160 रुपये जमा हैं। उसे तत्काल बैंक खाते में जमा करने का निर्देश दिया गया है।
कमेटी को यह भी बताया गया कि एक करोड़ 50 लाख 65 हजार 423 व एक करोड़ 56 लाख 88 हजार 476 की फिक्स डिपॉजिट क्रमश: 17 सितंबर 20 व 28 जून 21 को इन कैश कराई गई है। दो अक्तूबर 2021 को निवर्तमान कार्यकारिणी ने 70 लाख 73 हजार 891 रुपये की फिक्स डिपॉजिट महासचिव व कोषाध्यक्ष के हस्ताक्षर से कैश कराने का निर्णय लिया है।
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एल्डर कमेटी ने इस फैसले पर रोक लगाते हुए फिक्स डिपॉजिट को सुरक्षित रखने का आदेश दिया है। पिछली कार्यकारिणी का कार्यकाल 5 अगस्त 2021 को समाप्त हो चुका था। इसके एक माह बाद 5 सितंबर 2021 को बार एसोसिएशन के सभी अधिकार एल्डर कमेटी को मिल जाने थे। मगर एल्डर कमेटी के गठन पर ही विवाद हो गया।
कमेटी ने कहा है कि कार्यकाल समाप्त होने के बाद 34 लाख 40 हजार का चेक चिकित्सा सहायता व विभिन्न मदों में वितरित करने के लिए तैयार किया गया था। कमेटी ने सदस्य वरिष्ठ अधिवक्ता ओपी सिंह व वरिष्ठ अधिवक्ता अनिल तिवारी को इसकी जांच करने के लिए अधिकृत किया है। पिछली कार्यकारिणी के बैंक खाते के संचालन पर रोक लगा दी गई है। खाते का संचालन अब एल्डर कमेटी के अध्यक्ष व वरिष्ठ सदस्य के हस्ताक्षर से किए जाने की बैंक को सूचना दी गई है।
कमेटी ने चुनाव खर्च के लिए अलग खाता खोलने का निर्णय लिया है। जिसमें नामांकन फार्म, वोटर लिस्ट की विक्री व सिक्योरिटी राशि जमा की जाएगी। कमेटी ने कहा है कि कोर्ट ने ही आम सभा की तिथि 18 अक्तूबर तय की है। इस तिथि तक सदस्यता शुल्क जमा किया जाएगा। कार्यालय नवरात्र अवकाश में भी शुल्क जमा करने के लिए खुला रहेगा। सदस्यता शुल्क जमा करने की तिथि आगे नहीं बढ़ाई जा सकेगी और बाईलाज में शुल्क माफ करने का कोई उपबंध नहीं है। कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद ही चिकित्सा सहायता राशि चेक के माध्यम से वितरित की जाएगी। कमेटी के प्रस्ताव अध्यक्ष व तीन सदस्यों के हस्ताक्षर से जारी किया गया है।