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प्रयागराज : फिर से बढ़ने लगीं गंगा-यमुना, जलस्तर अभी खतरे के निशान से काफी नीचे, सभी तटबंध सुरक्षित

Thu, 10 Sep 2026 03:30 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

गंगा और यमुना का जलस्तर फिर बढ़ने लगा है, हालांकि जलस्तर खतरे के निशान 84.734 मीटर से काफी नीचे है लेकिन जलस्तर दोबारा बढ़ने के साथ कछारी इलाकों में रहने वालों की चिंता भी बढ़ने लगी है।
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बड़े हनुमान मंदिर के मुख्य गेट के सामने भरा पानी। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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गंगा और यमुना का जलस्तर फिर बढ़ने लगा है, हालांकि जलस्तर खतरे के निशान 84.734 मीटर से काफी नीचे है लेकिन जलस्तर दोबारा बढ़ने के साथ कछारी इलाकों में रहने वालों की चिंता भी बढ़ने लगी है। बुधवार रात आठ बजे यमुना नदी का जलस्तर नैनी में 81.60 मीटर दर्ज हुआ। इसमें पिछले चार घंटों में तीन सेमी की वृद्धि देखी गई। गंगा का जलस्तर फाफामऊ में 81.79 मीटर और छतनाग में 81.10 मीटर पर पहुंच गया। फाफामऊ में दो सेमी और छतनाग में एक सेमी की बढ़ोतरी हुई। एसटीपी बक्शी बांध पर जलस्तर 81.74 मीटर हो गया जिसमें दो-दो सेमी की वृद्धि दर्ज की गई।

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शाम चार बजे यमुना का जलस्तर नैनी में 81.57 मीटर था। इसमें पिछले चार घंटों में चार सेमी की वृद्धि दर्ज की गई। इसी समय गंगा का जलस्तर फाफामऊ में 81.77 मीटर दर्ज हुआ। फाफामऊ में एक सेमी की वृद्धि देखी गई। वहीं, छतनाग में गंगा का जलस्तर 81.09 मीटर पर था। छतनाग में भी चार सेमी की बढ़ोतरी हुई। एसटीपी बक्शी बांध पर गंगा का जलस्तर 81.72 मीटर था। यहां दो सेमी की वृद्धि दर्ज की गई।

बीते दिनों जलस्तर तेजी से कम होने लगा था और जिन बस्तियों में पानी घुसा था वहां रहने वाले लोग अपने घरों में लौटने लगे थे लेकिन जलस्तर दोबारा बढ़ने से कछारी इलाकों में बाढ़ का खतरा फिर मंडराने लगा है। हालांकि, जलस्तर की रिपोर्ट के अनुसार प्रयागराज जिले के सभी तटबंध सुरक्षित हैं। नदियों का जलस्तर खतरे के निशान से काफी नीचे बना हुआ है। प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।

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आधी-अधूरी बारिश उमस पर बेअसर, चढ़ा पारा

जिले में बुधवार सुबह हुई आधी-अधूरी बारिश उमस पर कोई प्रभाव नहीं डाल सकी। तापमान में मंगलवार की अपेक्षा 1.8 डिग्री की बढ़ोतरी दर्ज की गई। इससे लोगों को गर्मी का सामना करना पड़ा। बारिश होने से हवाएं भी थम गईं। ऐसे में आर्द्रता का प्रभाव बढ़कर 65 फीसदी के करीब पहुंच गया। मौसम विभाग के अनुसार, 13 सितंबर तक इसी प्रकार का मौसम बना रहेगा। 14 व 15 सितंबर को आसमान साफ रहने का अनुमान है। 
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