Prayagraj News : फूलचंद। फाइल फोटो
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मंगलवार को आखिरी बार दिखा था बेटा
दलित बिरादरी का फूलचंद मजदूरी करता था और गोहरी गांव स्थित घर में पत्नी, बेटी व बेटे के साथ रहता था। मंगलवार शाम आखिरी बार उसके बेटे शिव को ग्रामीणों ने देखा था। बुधवार को पूरे दिन घर से कोई बाहर नहीं निकला। बृहस्पतिवार सुबह गांव के ही चाट विक्रेता संदीप कुमार ने सामने से गुजरते वक्त घर का दरवाजा खुला देखा। भीतर झांकने पर कोई दिखाई नहीं दिया तो उसने कुछ दूर पर रहने वाले फूलचंद के भाई किशन को सूचना दी जो सीमा सुरक्षा बल में तैनात है और इन दिनों छुट्टी पर घर आया है। किशन ने बताया कि वह घर के भीतर पहुंचा तो वहां का नजारा देखकर उसके होश उड़ गए।
बरामदे में दो अलग-अलग चारपाइयों पर उसके भाई व भाभी खून से लथपथ मृत पड़े थे जबकि बगल में ही भतीजे का शव पड़ा हुआ था। भीतर के कमरे में भतीजी मृत मिली। उसके शोर मचाने पर आसपास के लोग व अन्य परिवारीजन आ गए। एक साथ चार हत्याओं की सूचना पर सनसनी फैल गई और मौके पर आईजी राकेश सिंह, डीएम संजय खत्री, डीआईजी समेत अन्य अफसर पहुंच गए। कई थानों की फोर्स भी बुला ली गई। जांच पड़ताल के बाद पुलिस ने चारों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
Prayagraj News : मीनू। फाइल फोटो
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रास्ते की जमीन को लेकर चल रहा था विवाद
मृतकों के परिवारवालाें का आरोप है कि गांव के ही कुछ दबंगों से उनका रास्ते की जमीन को लेकर विवाद चल रहा है। वह पहले भी कई बार मारपीट कर चुके हैं और अक्सर जान से मारने को धमकाते थे। इसमें मुकदमे भी लिखवाए गए। भाई किशन ने आरोप लगाया कि इसी रंजिश में इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम दिया गया। मृतक फूलचंद के एक अन्य भाई लालचंद ने गांव के ही 11 लोगों के खिलाफ नामजद तहरीर दी है।
Prayagraj News : घटना के बाद मौके पर जुटी भीड़।
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4.5 घंटे तक नहीं उठने दिया शव
घटना से आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों ने 4.5 घंटे तक शवों को नहीं उठाने दिया। सुबह नौ बजे के करीब पुलिस मौके पर पहुंची। जांच पड़ताल के बाद शवों को कब्जे में लेना चाहा तो लोगों ने विरोध कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने शिकायतों को गंभीरता से लिया होता तो शायद इतनी बड़ी वारदात न होती। दो मुकदमे होने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं की जिससे विपक्षियों का दुस्साहस बढ़ता गया। अफसरों ने दोषियों पर कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया, तब जाकर लोग शांत हुए और फिर दोपहर में करीब डेढ़ बजे शवों को मर्चरी भेजवाया गया।
फिलहाल परिवारवालों की तहरीर पर नामजद केस दर्ज किया गया है। कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जमीन की रंजिश के अलावा कई अन्य बिंदुओं को भी ध्यान में रखकर जांच पड़ताल चल रही है। दुष्कर्म समेत अन्य बातें पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने केबाद ही स्पष्ट हो सकेंगी। -सर्वश्रेष्ठ त्रिपाठी, डीआईजी