होलागढ़ में आंगनबाड़ी केंद्रों को दिया जाने वाला नवंबर महीने का सूखा राशन गोदाम पर ही नहीं पहुंचा था। शिकायत के बाद प्रारंभिक जांच में राशन बेचे जाने की बात सामने आई थी। इसके बाद डीएम के निर्देश पर दो सदस्यीय जांच कमेटी गठित की गई थी। जांच में पाया गया कि आरोपी सीडीपीओ ने प्रतापगढ़ की एक दुकान पर पूरा राशन बेच दिया था।
होलागढ़ में सूखा राशन के वितरण में गबन की पुष्टि हुई है। सीडीपीओ ने 26.98 लाख रुपये का सूखा राशन प्रतापगढ़ में बेच दिया था। पूछताछ के दौरान यह बात सामने आई है। कमेटी ने जांच पूरी कर ली है।
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हालांकि शनिवार देर रात तक रिपोर्ट डीएम को नहीं सौंपी गई थी। बताया जा रहा है कि आरोपी सीडीपीओ ने राशन बेचने की बात खुद कबूली है। अब तक की जांच के आधार पर सीडीपीओ के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की बात कही जा रही है।
होलागढ़ में आंगनबाड़ी केंद्रों को दिया जाने वाला नवंबर महीने का सूखा राशन गोदाम पर ही नहीं पहुंचा था। शिकायत के बाद प्रारंभिक जांच में राशन बेचे जाने की बात सामने आई थी। इसके बाद डीएम के निर्देश पर दो सदस्यीय जांच कमेटी गठित की गई थी। जांच में पाया गया कि आरोपी सीडीपीओ ने प्रतापगढ़ की एक दुकान पर पूरा राशन बेच दिया था।
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इसमें दलिया, घी, कई अनाजों का मिश्रित आटा आदि खाद्य वस्तुएं शामिल थीं। अफसरों के अनुसार सीडीपीओ ने कबूला है कि उसे पैसे की जरूरत थी। इसलिए उसने महिलाओं एवं बच्चों के लिए आया राशन बेच दिया। जांच टीम ने आरोपी अफसर के अलावा अन्य सभी संबंधित से पूछताछ की। डीएम संजय कुमार खत्री का कहना है कि जांच आख्या अभी नहीं मिली है। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।