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Fraud : 70 से ज्यादा लोगों को बेची गईं बीएएमएस की फर्जी डिग्रियां, सात साल से चल रहा था गोरखधंधा

Mon, 12 Jan 2026 03:18 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

उत्तर प्रदेश समेत विभिन्न राज्यों के मेडिकल संस्थानों की बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी (बीएएमएस) की फर्जी डिग्री बेचने के मामले में अहम खुलासा हुआ है।
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मो. तारूक। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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उत्तर प्रदेश समेत विभिन्न राज्यों के मेडिकल संस्थानों की बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन एंड सर्जरी (बीएएमएस) की फर्जी डिग्री बेचने के मामले में अहम खुलासा हुआ है। एसटीएफ की जांच में पता चला है कि आरोपी मोहम्मद तारूक ने प्रदेश के अलग-अलग जिलों के करीब 60 से 70 लोगों को बीएएमएस की फर्जी डिग्रियां बेची हैं।

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इसके लिए उसने अपने साथ 10 से 12 एजेंट भी जोड़ रखे थे। ये एजेंट 20 से 30 फीसदी कमीशन पर प्रयागराज के आसपास के जिलों में ग्राहक तलाशते थे। इन ग्राहकों को झांसा दिया जाता था कि बिना परीक्षा के बीएएमएस की डिग्री मुहैया करा दी जाएगी। इसके लिए एजेंट कई डॉक्टरों का उदाहरण देकर ग्राहकों को अपने चंगुल में फंसा लेते थे। डील पक्की होने के बाद ये एजेंट ग्राहकों को मोहम्मद तारूक से मिलवाते थे। तारूक इन लोगों को बीएएमएस की असली डिग्री देने का झांसा देकर छह से 10 लाख रुपये ऐंठ लेता था। जांच में पता चला कि पिछले करीब सात साल से आरोपी इस गोरखधंधे से लिप्त था।

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मो. तारूक। - फोटो : अमर उजाला।
आरोपी की कुंडली खंगाल रही एसटीएफ

एसटीएफ की जांच में पता चला कि बीएएमएस की डिग्री देने वाले के तार प्रयागराज के अलावा कौशाम्बी, प्रतापगढ़, वाराणसी, मिर्जापुर, भदोही, सोनभद्र, फतेहपुर, कानपुर, गाजीपुर, आजमगढ़, लखनऊ समेत अन्य जिलों से जुड़े हैं। यहां के लोगों को आरोपी कॉलेज की फर्जी डिग्री दे चुका है। एसटीएफ की टीम आरोपी मोहम्मद तारूक की कुंडली खंगालने में जुट गई है।

आरोपी की पत्नी की भूमिका की भी हो रही जांच

70 से अधिक लोगों को फर्जी डिग्री देने का खुलासा होने पर पुलिस की एक टीम ने आरोपी के बैंक खाते खंगाले। सूत्रों के अनुसार, आरोपी के पांच खातों का बैंक स्टेटमेंट निकलवाया गया है। हालांकि, टीम को इससे कुछ खास जानकारी नहीं मिली है। दूसरी तरफ, पुलिस आरोपी की पत्नी की भूमिका की भी जांच कर रही है।

कॉलेज के लोगों के भी शामिल होने का शक

मोहम्मद तारूक के पास आजमगढ़ बिजरवा स्थित शिवालिक आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज संबद्ध जौनपुर वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय की फर्जी डिग्री के अलावा अन्य कई कॉलेजों की डिग्रियां मिली हैं। ये डिग्रियां जिले के अलग-अलग कॉलेजों की हैं। एसटीएफ टीम को शक है कि कॉलेज के लोग भी इसमें शामिल हो सकते हैं। मामले में एसटीएफ की टीम सभी पहलुओं पर जांच कर रही है।
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