दिव्यांगजनों के लिए राहत वाली खबर है। जल्द ही केंद्र सरकार उन्हें यूनिवर्सल कार्ड जारी करेगी। इसके बाद उन्हें किसी प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं पड़ेगी। सिर्फ एक कार्ड दिखाकर वे देश के किसी भी कोने में दिव्यांगजनों को दी जाने वाली सुविधाओं और योजनाओं का लाभ उठा सकेंगे। सोमवार को परेड मैदान पर आयोजित उपकरण एवं कृत्रिम अंग वितरण कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शामिल केंद्रीय राज्य मंत्री सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता कृष्ण पाल गुर्जर ने यह घोषणा की।
इस दौरान मुख्य अतिथि समेत अन्य अतिथियों ने पांच हजार दिव्यांगजनों को उपकरण एवं कृत्रिम अंगों का वितरण किया। 80 दृष्टि बाधितों को स्मार्ट फोन दिए गए। इसके अलावा 2981 ट्राईसाइकिलें दी गईं, जिनमें बैटरी चालित ट्राईसाइकिलें भी हैं। इसके अलावा 471 व्हील चेयर, 2615 बैसाखी, 735 छड़ी, 630 कान की मशीन, 95 सीपी वेयर, 246 स्मार्ट केन, 17 डेजी प्लेयर, 223 कैलिपर और जर्मनी के बने 35 ऑटोवॉक कृत्रिम पैरों का वितरण किया गया। इससे पूर्व मुख्य अतिथि केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर ने कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए कहा कि शोषित पीड़ितों को मजबूत और स्वावलंबी बनाना केंद्र सरकार का संकल्प है। उन्होंने दिव्यांगजनों के लिए लगाए गए कैम्पों में पारदर्शिता लाने और योजनाओं का लाभ दिव्यांगजनों तक पहुंचाने पर जोर दिया।
कार्यक्रम के दौरान दिव्यांगों की एक टीम की ओर से प्रस्तुत सरस्वती वंदना से सबका मन मोह लिया। इस पर सांसद कुंवर रेवती रमण सिंह 10 हजार और फूलपुर के सांसद केशव प्रसाद मौर्य ने पांच हजार रुपये का नगद पुरस्कार दिया। सांसद केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि केंद्र सरकार के अथक प्रयास से ही इलाहाबाद में इतने बड़े कार्यक्रम का आयोजन हो सका। प्रदेश के अन्य जिलों में भी इस तरह के कार्यक्रम आयोजित कराए जाएंगे। सांसद श्याम चरण गुप्ता ने कहा कि भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम होते रहने चाहिए। सांसद रेवती रमण सिंह ने इस कार्यक्रम के लिए राज्य एवं केंद्र सरकार को बधाई दी। उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार की ओर से दिव्यांगजनों को लोहिया आवास योजना, समाजवादी पेंशन योजना और रोजगार में आरक्षण दिए जाने की व्यवस्था की गई है। इस मौके पर कमिश्नर राजन शुक्ला, डीएम संजय कुमार, भाजपा नेता सुबोध सिंह, शशांक त्रिपाठी, मनोज कुशवाहा आदि भी मौजूद रहे।