इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जौनुपर के तलहटी गांव में तालाब की भूमि से कब्जा हटाने की मांग को लेकर दाखिल जनहित याचिका पर जिलाधिकारी से व्यक्तिगत हलफनामा मांगा है। कोर्ट ने पूछा है कि पांच मई को पारित बेदखली आदेश का पालन क्यों नहीं किया गया।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने जौनुपर के तलहटी गांव में तालाब की भूमि से कब्जा हटाने की मांग को लेकर दाखिल जनहित याचिका पर जिलाधिकारी से व्यक्तिगत हलफनामा मांगा है। कोर्ट ने पूछा है कि पांच मई को पारित बेदखली आदेश का पालन क्यों नहीं किया गया। अगर आदेश के खिलाफ अपील दाखिल है तो बताएं अपील किसके समक्ष है? उसकी प्रगति क्या है? अगर अपील नहीं है तो क्या किसी बड़ी अदालत से स्थगनादेश है? यह आदेश न्यायमूर्ति जेजे मुनीर ने माता शंकर राजमणि शुक्ल की याचिका पर दिया है।
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कोर्ट ने आदेश की प्रति मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के मार्फत जिलाधिकारी को भेजने का निर्देश दिया है। साथ ही विपक्षी विद्या रत्नशुक्ल व अवनीश शुक्ल अतुल को भी नोटिस जारी करने का निर्देश दिया है। सुनवाई के लिए अगली तिथि 18 अगस्त 2025 नियत की गई है। दरअसल, तलहटी गांव में तालाब की भूमि पर कब्जे की शिकायत तहसीलदार मछली शहर से की गई थी।
तहसीलदार ने पांच मई 2025 को अवैध कब्जा हटाने का आदेश दिया लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस पर याची ने हाईकोर्ट में गुहार लगाई। कोर्ट ने पक्षों को सुनने के बाद राज्य सरकार व गांव सभा सहित विपक्षियों से याचिका पर दो हफ्ते में जवाब मांगा है। साथ ही जिलाधिकारी जौनपुर से बेदखली आदेश का पालन न होने की स्थिति स्पष्ट करने का निर्देश दिया है।