मानिकपुर हादसे को लेकर रेल फ्रैक्चर के साथ ही रोलिंग स्टाक से जुड़ी खामियों पर भी कमिश्नर रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) पूर्वी परिमंडल द्वारा की जा रही जांच की सुई घूम गई है। बुधवार को डीआरएम ऑफिस इलाहाबाद में उन्होंने वास्कोडिगामा-पटना एक्सप्रेस के दुर्घटनाग्रस्त होने के मामले में कई रेलकर्मियों से पूछताछ की। सीआरएस जांच में गोवा से भी उन रेलकर्मियों को बुलाया गया था जो इसके रखरखाव से जुड़े है।
दरअसल गाड़ी संख्या 12741 वास्कोडिगामा-पटना का मेटेंनेस का कार्य वास्कोडिगामा और पटना दोनों ही स्टेशनों पर होता है। हादसे वाले दिन यह गाड़ी वास्कोडिगामा से चलकर आ रही थी। वास्कोडिगामा से मानिकपुर की कुल दूरी 1900 किलोमीटर के आसपास है। माना जा रहा है कि बीच रास्ते रोलिंग स्टाक में आई खामी की वजह से भी ट्रेन दुर्घटनाग्रस्त हो सकती है। पिछले सप्ताह इलाहाबाद आए सीआरबी ने घटना के संबंध में प्रथम दृष्टया रेल फ्रैक्चर होने की बात कही थी। हालांकि उन्होंने अंतिम निष्कर्ष सीआरएस की जांच पूरी होने के बाद ही सामने आने का हवाला दिया था। इस बीच सीआरएस ने घटना स्थल की जांच करने के बाद मंगलवार को मानिकपुर में एवं उसके बाद अब बुधवार को डीआरएम ऑफिस में कई रेलकर्मियों एवं अफसरों से पूछताछ की। दअरसल घटना के दूसरे दिन मानिकपुर में हुई जांच के बाद रोलिंग स्टाक की खामियों पर भी चर्चा हुई थी।
इसे देखते हुए गोवा से जूनियर इंजीनियर सुरेश चंद्र मेहरा को इलाहाबाद बुलाया गया। चर्चा है कि वास्को एक्सप्रेस के एस-5 एवं एस-9 कोच पूर्ण रूप से फिट नहीं थे। इस वजह से जब ट्रेन पटरी से उतरी को सर्वाधिक नुकसान उन दोनों कोेचों को ही पहुंचा। सूत्रों के मुताबिक डीआरएम ऑफिस में दक्षिण पश्चिम रेलवे के सीनियर डीएमई वी मुरली कृष्ण का भी सीआरएस ने लिखित बयान लिया। इस दौरान मानिकपुर रेलवे स्टेशन के पहले बासा पहाड़ स्टेशन के स्टेशन मास्टर सनत कुमार मिश्र से भी ट्रेन पास होने के दौरान रोलिंग स्टाक (ट्रेन का इंजन और कोच) के बारे में पूछा गया। सीआरएस एसके पांडेय ने एसएसई डीजल टीआई राय, राजेंद्र मणि, डिप्टी एसएस एसएन कुटार, ट्रेन के गार्ड नवीन कुमार, लोको पॉयलट हबीब अहमद, एएलपी विनोद कुमार पाल के भी लिखित बयान दर्ज किए। हालांकि सीआरएस की जांच अभी पूरी नहीं हो सकी है। जांच पूरी होने के बाद कुछ और रेलकर्मियों पर कार्रवाई रेलमहकमे द्वारा की जाएगी।
इलाहाबाद। सीआरएस पूर्वी परिमंडल एसके पांडेय मानिकपुर में हुई रेल दुर्घटना के संबंध में जांच करने के लिए अगले सप्ताह एक बार फिर से इलाहाबाद आएंगे। बीते दो दिन के दौरान उन्होंने मानिकपुर और इलाहाबाद में कई रेलकर्मियों के लिखित बयान दर्ज किए हैं। लेकिन अब भी कई रेलकर्मियों का बयान लिया जाना बाकी है। डीआरएम इलाहाबाद एसके पंकज के मुताबिक अभी जांच प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी है। इसलिए सीआरएस अगले सप्ताह एक बार फिर इलाहाबाद आएंगे।
सीआरएस एसके पांडेय ने बुधवार को इलाहाबाद जंक्शन में वास्कोडिगामा-पटना एक्सप्रेस के क्षतिग्रस्त कोच का निरीक्षण किया। उनके साथ कई रेलकर्मी भी मौके पर गए। यहां सीआरएस ने रोलिंग स्टाक से जुड़े कर्मचारियों को भी कोच दिखवाया। दरअसल अब तक हुई जांच के आधार पर रोलिंग स्टाक की तमाम खामियां सामने आई है।