सरायइनायत के अंदावा गांव में शनिवार दोपहर इंजीनियर के बेटे का क्षत-विक्षत शव रेलवे ट्रैक पर मिला। रेलवे ट्रैक के बगल ही साइकिल खड़ी थी। सूचना पाकर झूंसी और सरायइनायत पुलिस पहुंची। शिनाख्त के बाद घरवालों को सूचना दी। अनहोनी की खबर सुनकर घरवाले रोते-बिलखते मौके पर पहुंचे।
मूल रू प जौनपुर के सुजानगंज के रहने वाले वीरेंद्र प्रताप यादव इफको फूलपुर में इंजीनियर हैं। वह कई सालों से परिवार समेत झूंसी के त्रिवेणीपुरम में रहते हैं। उनके दो बेटों में छोटा आशुतोष यादव (14) झूंसी के एक स्कूल में नौंवी का छात्र था। सुबह वह घर से किसी बात पर नाराज होकर साइकिल लेकर निकल गया। जब देर होने लगी तो घरवाले परेशान होने लगे। दोपहर में अंदावा गांव के पास किशोर के ट्रेन से कटने की सूचना पर भीड़ जुट गई।
किशोर का कई टुकड़ों में शव देखकर ग्रामीणों की रूह कांप गई। रेलवे ट्रैक के बगल ही साइकिल खड़ी थी। इससे आशंका है कि किशोर ने ट्रेन के सामने कूदकर सुसाइड किया है। सूचना पर पुलिस पहुंची। कुछ ही देर में किशोर के घरवाले भी आ गए। साइकिल और शव देखकर घरवालों की आंखों से आंसू निकल आया। मां सुशीला देवी तो बेटे का शव देखकर अचेत हो गईं। घरवाले भी परेशान थे कि आखिर ऐसी कौन सी बात हो गई जो आशुतोष ने इतना बड़ा कदम उठा लिया। एसओ सरायइनायत अमित मिश्र ने बताया कि बच्चे ने ट्रेन के सामने कूदकर सुसाइड किया है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।