जगतपुर। पशु तस्करों ने बुधवार शाम उतरांव क्षेत्र के धंसीपुर हाइवे पर जीप सवार थानेदार समेत पुलिसवालों को कंटेनर से रौंदने की कोशिश की। जीप चला रहे दरोगा ने सूझबूझ दिखाकर सबकी जान बचा ली। फिर पुलिस ने कंटेनर को रोकने के लिए कई ट्रकों को खड़ाकर जाम लगा दिया। ऐसे में ड्राइवर कंटेनर से उतरकर भागा तो उसे पकड़ लिया गया लेकिन ड्राइवर भाग गया। कंटेनर में पशु तस्कर 25 बैल लादकर ले जा रहे थे।
बुधवार देर शाम एसओ उतरांव धमेंद्र प्रताप सिंह उपनिरीक्षक केके यादव, चंद्रभूषण मौर्य, कृपाशंकर शर्मा तथा सिपाहियों के साथ जीप में गश्त पर निकले थे। पुलिस टीम फोरलेन बाइपास पर बलीपुर के पास पहुंची तभी मुखबिर से सूचना मिली कि एक कंटेनर में बैलों की तस्करी की जा रही है। यह कंटेनर सहसों की तरफ से आ रहा है। इस खबर पर सतर्क पुलिस ने बलीपुर के पास नाकाबंदी कर दी। कुछ देर बाद कंटेनर आता दिखा तो पुलिस ने उसे रुकने का इशारा किया। मगर कंटेनर की रफ्तार बढ़ गई।
पुलिस ने जीप से पीछा कर धंसीपुर के पास कंटेनर को रोकने कीशिश की। मगर पशु तस्करों ने पुलिस जीप को कंटेनर से रौंदने का प्रयास किया। ड्राइविंग सीट पर मौजूद उपनिरीक्षक चंद्रभूषण मौर्य ने जीप को तेजी से आगे बढ़ा दिया वरना पुलिसकर्मियों की जान खतरे में थी। पुलिस ने जीप से आगे जाकर कई ट्रक हाइवे पर खड़ाकर जाम लगा दिया जिसकी वजह से पशु तस्करों को कंटेनर रोकना पड़ा।
कंटेनर से उतरकर भाग रहे दो लोगों को पुलिस ने दौड़ा लिया। उनमें एक कंटेनर ड्राइवर कलाम निवासी विधुन औरैया पकड़ा गया, जबकि उसका साथी नूर अख्तर निवासी मरियाडीह उतरांव भाग गया। पुलिस ने कंटेनर सीजकर उसमें मौजूद 25 बैल ग्रामीणों को सुपुर्द कर दिए। उतरांव पुलिस के अनुसार पशु तस्कर औरैया से कंटेनर में मवेशियों को लादकर कोलकता ले जा रहे थे जहां उन्हें काटकर बेचा जाता।