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अब किसानों को कर्ज चुकाने की चिंता

Fri, 24 Apr 2015 01:33 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला इलाहाबाद
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इलाहाबाद (ब्यूरो)। बारिश, ओलावृष्टि से तबाह किसानों पर दोहरी मार पड़ी है। दैवी आपदा में जहां उनकी वर्ष भर की गाढ़ी कमाई बर्बाद हो गई है, वहीं उन्हें बैंक से लिए कर्ज चुकाने की चिंता भी सताने लगी है। हालांकि किसानों को उम्मीद है कि देर-सबेर सरकार ऋण माफी का आदेश जारी कर सकती है।
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आंकड़ों के मुताबिक जिले में कुल मिलाकर 5,42,000 किसान हैं जिसमें से 96,504 किसानों ने तमाम सरकारी व निजी क्षेत्र के बैंकों से कर्ज लिए हैं। इनमें से 68,238 किसान ऐसे हैं जो किसान क्रेडिट कार्ड यानी केसीसी के जरिए बैंकों से पहले ही कर्ज ले चुके हैं, जबकि वित्तीय वर्ष 2014-15 मेें 28,266 नए किसानों ने बैंकों से कर्ज लिया। बैंकों से कितना कर्ज लिया है इसकी जानकारी कृषि विभाग के अधिकारियों व अग्रणी जिला प्रबंधक को नहीं है।

अब जबकि ओलावृष्टि, बारिश से फसलें बर्बाद हो चुकी हैं तो किसानों को कर्ज की चिंता सताने लगी है। इन किसानों में तमाम ऐसे हैं जिन्होंने इस उम्मीद में बैंकों से लोन लिया कि खाद, पानी से अच्छी फसल होगी और गेहूं, चना, मटर सरसों बेचकर बैंकों से लिया गया कर्ज लौटा देंगे लेकिन उनके अरमानों पर पानी फिर गया है। कर्ज चुकाने के दबाव में कई किसानों की सदमे में जान भी जा चुकी है, हालांकि जिला प्रशासन व राजस्व विभाग के अधिकारियों ने यह तर्क देकर पल्ला झाड़ लिया है कि किसानों की मौतें स्वाभाविक हैं।
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किसानों के लिए थोड़ी राहत की बात है, सरकार की ओर से राजस्व वसूली पर रोक लगा दी गई है।
सरकार ने किसानों का लोन बेशक न माफ किया हो लेकिन थोड़ी राहत जरूर दे दी है। सहायक लीड बैंक मैनेजर बिलाल अहमद के मुताबिक अक्टूबर 2014 से दिसंबर 2015 तक के लिए राजस्व वसूली पर रोक लगा दी गई है इस संबंध में जिला व राजस्व अधिकारियों को दिशा निर्देश भी जारी किए जा चुके हैं। इसके अलावा बैंकों की ओर से किसानों को ‘लोन रीस्ट्रकचरिंग’ का लाभ देने की तैयारी है जिसके तहत किसानों को ईएमआई की तर्ज पर आसान किश्तों में कर्ज देने की छूट दी जा सकती है। बहरहाल किसानों को बैंकों की इन सुविधाओं का कितना लाभ मिलता है यह देखने वाली बात होगी।

फसलों की तबाही के बाद अब शासन के निर्देश पर बैंकों व कृषि विभाग के अधिकारी लोन का आंकड़ा जुटाने में जुट गए हैं। लीडिंग बैंक मैनेजर अतीश मिश्रा का कहना है कि किसानों द्वारा लिए गए लोन का आंकड़ा जुटाया जा रहा है। जिसके लिए सभी बैंकों से आंकड़े मांगे गए हैं। रिपोर्ट मिलते ही संयुक्त रिपोर्ट तैयार कर शासन को भेजी जाएगी। वहीं जिला कृषि अधिकारी अतींद्र सिंह का कहना है कि किसानों ने कितना लोन लिया है इसकी रिपोर्ट तैयार की जा रही है। जहां तक लोन माफी का सवाल है तो अभी तक इस संबंध में अभी तक शासन की ओर से कोई दिशा निर्देश नही जारी किया गया है।

जिले में कितने किसानों ने किन बैंकों से कितना कर्ज लिया है इसका आकलन कराया जा रहा है। आंकड़ों के मुताबिक 96,504 किसानों को कर्ज जारी किया गया है लेकिन कितना कर्ज हैं? इसकी जानकारी बैंकों से मांगी जा रही है  जिसे शासन को भेजा जाएगा।
0 अतीश मिश्रा, लीडिंग बैंक मैनेजर

किसानों के कर्ज का ब्योरा तैयार कराया जा रहा है। रिपोर्ट मिलते ही शासन को भेजा जाएगा। जहां तक कर्ज माफी का सवाल है, फिलहाल इस बारे में अब तक कोई दिशा निर्देश नही मिला है।
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0 अतींद्र सिंह, जिला कृषि अधिकारी
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