जवाब नहीं देने पर सीएमओ
सोनभद्र पर पांच हजार हर्जाना
प्रयागराज। हाईकोर्ट ने बार- बार समय दिए जाने के बावजूद जवाब दाखिल न करने पर सीएमओ सोनभद्र को पांच हजार हर्जाने के साथ दो सप्ताह में जवाब दाखिल करने का समय दिया है। यह आदेश न्यायमूर्ति सुनीत कुमार ने चंपा देवी की याचिका पर दिया है।
याची का कहना है कि 27 जुलाई 2012 को स्वास्थ्य सहायक को स्थाई कर्मचारियों का न्यूनतम वेतन दिए जाने का शासनादेश जारी हुआ। याची के पति प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र दुद्धी सोनभद्र में स्वास्थ्य पर्यवेक्षक के रूप में तैनात थे। 2004 में सेवानिवृत्त हो गए लेकिन, शासनादेश के तहत न्यूनतम वेतन और उस पर बनने वाली पेंशन का भुगतान नहीं किया गया। उसकी मृत्यु के बाद विधवा याची ने याचिका दाखिल कर कोर्ट से मांग की है कि उसके पति के बकाया वेतन के साथ बकाया पेंशन का भुगतान किया जाए। याचिका की अगली सुनवाई 21 नवंबर को होगी।