योगी सरकार के निर्देशन में अलग-अलग स्थानों पर निरंतर हो रहा आयोजन
योगी सरकार के निर्देशन में बर्ड फेस्टिवल का आयोजन निरंतर हो रहा है। हर बार यह आयोजन अलग-अलग स्थानों पर किया जा रहा है। 2017 में दुधवा टाइगर रिजर्व पीलीभीत, 2019 में नवाबगंज पक्षी बिहार उन्नाव, 2020 में सूरसरोवर पक्षी बिहार कीठम-आगरा, 2021 में ओखला पक्षी बिहार गौतमबुद्धर नगर में बर्ड फेस्टिवल का आयोजन किया गया। कोरोना के कारण 2022 में यह आयोजन नहीं हो सका। 2023 में विजय सागर पक्षी विहार, महोबा और 2024 में यह आयोजन सूरजपुर वेटलैंड में आयोजित किया गया। इस बार यह आयोजन महाकुंभ प्रयागराज में होगा।
प्रयागराज के आयोजन से पहले लखनऊ में हुआ कर्टेन रेजर
महाकुंभ प्रयागराज में जलवायु सम्मेलन व बर्ड फेस्टिवल के पहले शनिवार को लखनऊ में कर्टन रेजर इवेंट आयोजित किया गया। इस दौरान वॉकथान में स्कूली बच्चों ने हिस्सा लिया। सुबह 1090 चौराहा से नवाब वाजिद अली शाह प्राणि उद्यान तक वॉकथान निकला। आईटीबीपी बैंड ने कार्यक्रम में संगीत प्रस्तुत किया। चिड़ियाघर के सारस ऑडिटोरियम में मैस्कट व टीजर का विमोचन किया गया। कार्यक्रम में वन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. अरुण कुमार सक्सेना, अपर्णा यादव, प्रदान मुख्य वन संरक्षक व विभागाध्यक्ष सुनील चौधरी आदि मौजूद रहे।
इस बार बर्ड फेस्टिवल का मैसकट इंडियन स्किमर है। संयोग से यह संगम में भी पाई जाती है। स्किमर के संवर्धन व संरक्षण पर सबका ध्यान आकृष्ट करने के लिए इसे बर्ड फेस्टिवल का मैसकट बनाया गया है। बर्ड फेस्टिवल की सारी तैयारी पूरी कर ली गई है। यह आयोजन अभूतपूर्व होगा। - ललित वर्मा, नोडल अधिकारी, बर्ड फेस्टिवल