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आरोपी पहले भी कई बार दे चुका था धमकी

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Cantt Area Murder Case - फोटो : CITY DESK
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कैंट इलाके में हत्या का मामला, मां का आरोप, घर पर चढ़कर कहा था-जिंदा नहीं छोड़ूंगा
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शिकायत के बावजूद चुप्पी साधे बैठी रही पुलिस
प्रयागराज। कैंट के सदर बाजार में बेरहमी से मौत के घाट उतारे गए राज प्रसाद गौरव को पहले भी कई बार धमकियां मिल चुकी थीं। परिजनोें का कहना है कि मुख्य आरोपी नीलेशनाथ कई बार उसके घर पर चढ़ चुका था। हफ्ते भर पहले भी उसने फिर धमकी दी तो मामले की लिखित शिकायत सिविल लाइंस थाने में की गई। लेकिन पुलिस चुप्पी साधे बैठी रही।
राज प्रसाद उर्फ गौरव नौवीं तक पढ़ने के बाद पढ़ाई छोड़ चुका था। उसकी मां रितु रानी प्रसाद उर्फ ऊषा देवी का आरोप है कि आरोपी निलेशनाथ व उसके परिवार वाले राज को कई बार धमकी दे चुके थे। दो महीने पहले बार वह शिकायत लेकर उसके घर आए। कहा कि उसकी बेटी गायब है जिसमें तुम्हारे बेटे का हाथ है। उसे जिंदा नहीं छोड़ेंगे। इसके बाद 3-4 बार फिर उन्होंने ऐसा ही किया। थाने में शिकायत भी की गई लेकिन पुलिस ने हर बार इसे अनसुना कर दिया।
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20 अक्तूबर को एक बार फिर आरोपी उसके घर आए और गालीगलौच करते हुए राज को जान से मारने की धमकी दी। इस घटना की लिखित शिकायत सिविल लाइंस थाने में की गई लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। मां की ओर से दी गई तहरीर में बताया गया है कि रात नौ बजे के करीब राज दो दोस्तों के साथ बाहर निकला था। 1.30 घंटे बाद दो लोगों ने आकर बताया कि राज को कुछ लोग सदर बाजार ट्रांसफार्मर के पास कुछ लोग मार रहे हैं। वह अपनी बेटी शिवानी के साथ पहुंची तो देखा कि नीलेश नाथ व अन्य आरोपी राज पर ईंट से वार कर रहे थे। स्थानीय लोगों की मदद से उसे पहले निजी और फिर एसआरएन अस्पताल पहुंचाया गया जहां उसकी मौत हो गई।
कूंच दिया गया था चेहरा, टूट गई थीं सिर की हड्डियां
हत्यारों ने राज को बहुत बेरहमी से मौत के घाट उतारा। पोस्टमार्टम के दौरान इस बात का खुलासा हुआ। शव की हालत देखकर पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर भी स्तब्ध रह गए। सूत्रों की मानें तो गौरव के सिर में कई जख्म मिले। किसी भार चीज से उसके सिर पर कई वार किए गए थे। हाल यह था कि पोस्टमार्टम के दौरान उसके सिर की सभी हड्डियां टूटीं मिलीं। चेहरा भी बुरी तरह कूंच दिया गया था। जिससे नाक व मुंह के साथ ही आंख के आसपास का हिस्सा भी क्षतिग्रस्त हो गया था।
जहां खुशियां थीं, वहां मचा रहा कोहराम
उधर राज की मौत के बाद उसके परिवार में कोहराम मचा रहा। तीन बहनों व दो भाइयों में वह तीसरे नंबर पर था। बेटे की मौत पर मां बदहवास सी हो गई थी तो बहनों का भी रो-रोकर बुरा हाल था। छोटा भाई व पिता भी बिलखते रहे। परिजनों की हालत देखकर मोहल्लेवालों की भी आंखें नम थीं। साथ ही उनमें घटना को लेकर आक्रोश भी था। उनका कहना था कि पुलिस ने एक बार भी शिकायत को गंभीरता से लिया होता, तो आरोपी इतनी बड़ी वारदात करने की हिम्मत नहीं जुटा पाते। पुलिस की लापरवाही से ही राज की जान गई।
थाने से 500 मीटर पर वारदात, पुलिस को भनक नहीं
-सरेआम हत्या होने के बाद भी नहीं मिली खबर
-घंटों हत्या को हादसा बताती रही कैंट पुलिस
प्रयागराज। किशोर की सरेआम हुई हत्या की वारदात ने कैंट पुलिस की सक्रियता की भी पोल खोल दी। हाल यह था कि थाने से 500 मीटर की दूरी पर किशोर की बर्बरता से मार डाला गया और पुलिस को भनक नहीं लगी। मौके पर पहुंचे कुछ लोगों के बताने पर पुलिस पहुंची भी तो घंटों मामले को हादसा बताती रही।
त्योहार के मौके पर इन दिनों शहर में हाईअलर्ट है। अफसर दावा करते नहीं थक रहे हैं कि पुलिस हर संवेदनशील, प्रमुख स्थानों पर मौजूद रहकर शहरियों की सुरक्षा में तैनात है। लेकिन कैंट में हुई हत्या की इस वारदात ने इन दावों पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं। सदर बाजार चौराहे के पास जहां राज प्रसाद उर्फ गौरव की हत्या हुई वह कैंट थाने से महज 500 मीटर की दूरी पर है। सैन्य क्षेत्र होने के कारण यह इलाका पहले से संवेदनशील माना जाता है। यही नहीं सदर बाजार चौराहे के पास स्थित मैदान में ही पटाखा बाजार भी लगा है जिससे वहां काफी भीड़भाड़ रहती है। ऐसे में पुलिस का मूवमेंट वहां लगातार बना रहता है। इसके बावजूद चंद कदम की दूरी पर हुई सरेआम हत्या की वारदात की भनक पुलिस को न लगने से कई तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं। घटना रात 10.30 बजे के करीब की बताई जा रही है।
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त्योहार के मौके पर इस वक्त में सड़क पर खासा चहल पहल भी रहती है। फिर आखिर कैसे पुलिस को घटना की जानकारी नहीं मिली। एक चाैंकाने वाली बात यह भी है कि स्थानीय लोगों से सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस घंटों मामले को हादसा बताती रही। उसका कहना था कि युवक हादसे का शिकार हुआ। बाद में परिजनों से जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने स्थानीय लोगों से पूछताछ की तो हकीकत सामने आई। इस मामले में प्रभारी इंस्पेक्टर विनोद कुमार का कहना है कि जिस जगह वारदात हुई वह सड़क से अंदर है। यही वजह रही कि पुलिस को तुरंत जानकारी नहीं मिल सकी। बाद में सूचना मिलने पर पुलिस पहुंची भी तो लोग कुछ बताने से इंकार करते रहे। यही वजह थी कि हत्या की बात बाद में पता चली।

Cantt Area Murder Case- फोटो : CITY DESK

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