उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग की ओर से आयोजित प्रवक्ता संवर्ग की लिखित परीक्षा रविवार को दो पालियों में हुई। परीक्षा में विभिन्न विषयों के प्रश्नों को लेकर अभ्यर्थी खासी उलझन में रहे। कई अभ्यर्थियों ने प्रश्नों के स्तर को कठिन बताते हुए कहा कि सवाल ऐसे पूछे गए, मानो वे सिविल सेवा की परीक्षा में बैठे हों।
दो दिन में आयोजित परीक्षा में कुल 1,92,934 अभ्यर्थी शामिल हुए, जो कुल पंजीकृत अभ्यर्थियों का 41.53 प्रतिशत रहा। प्रथम पाली में नागरिक शास्त्र, गणित, अर्थशास्त्र, संस्कृत एवं मनोविज्ञान विषयों की परीक्षाएं हुईं, जबकि द्वितीय पाली में रसायन विज्ञान, भूगोल, हिंदी और कला विषयों की परीक्षाएं कराई गईं। पहली पाली सुबह 9:30 बजे से 11:30 बजे तक और दूसरी पाली दोपहर 2:30 बजे से 4:30 बजे तक चली।
आयोग के अध्यक्ष डॉ. प्रशांत कुमार ने बताया कि परीक्षा का संचालन पूर्ण पारदर्शिता, नकल विहीन एवं सुव्यवस्थित वातावरण में कराया गया। आयोग में स्थापित एआई एकीकृत नियंत्रण कमांड कक्ष से सभी परीक्षा केंद्रों की लगातार निगरानी की गई।
उन्होंने बताया कि तकनीकी पारदर्शिता को और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से पायलट प्रोजेक्ट के तहत लखनऊ के चयनित केंद्रों पर परीक्षा समाप्त होते ही अभ्यर्थियों की ओएमआर उत्तर पुस्तिकाओं की स्कैनिंग परीक्षा कक्ष में ही कराई गई। यह प्रक्रिया अभ्यर्थियों की उपस्थिति में हुई और स्कैन डाटा को तत्काल सुरक्षित किया गया। इसकी निगरानी भी एआई एकीकृत नियंत्रण कक्ष से की गई।
आयोग के अनुसार नौ मई की परीक्षा में कुल 89,766 अभ्यर्थी उपस्थित रहे, जिनमें महिलाओं की उपस्थिति 34.89 प्रतिशत और पुरुषों की उपस्थिति 42.26 प्रतिशत रही। वहीं, 10 मई की परीक्षा में 1,03,168 अभ्यर्थी शामिल हुए, जिनमें महिलाओं की उपस्थिति 41.92 प्रतिशत और पुरुषों की उपस्थिति 48.08 प्रतिशत दर्ज की गई।
प्रश्नों के भ्रमित करने वाले विकल्पों ने उलझाया
गाजीपुर से आए हरिकेश ने बताया कि प्रश्नों के विकल्प काफी भ्रमित करने वाले थे। बारीकी से पढ़ने के बाद ही सही उत्तर समझ में आ रहा था। चंदौली के संतोष मिश्रा ने बताया कि गणित में पूछा गया प्रश्न ''''(x-a)(x-b) का न्यूनतम मान क्या होगा'''' काफी उलझाने वाला था और इसके केवल दो विकल्प दिए गए थे। गाजीपुर के प्रभात श्रीवास्तव ने बताया कि तार्किक क्षमता से जुड़ा सवाल पूछा गया था कि यदि किसी व्यापारिक बैठक में 11 लोग हों और सभी एक-दूसरे से हाथ मिलाएं, तो कुल कितनी बार हाथ मिलाया जाएगा। इसके विकल्प 11, 66, 55 और 44 दिए गए थे। जौनपुर से आए राजेंद्र तिवारी ने कहा कि परीक्षा के प्रश्नों का स्तर काफी ऊंचा था।