क्षेत्र के दुखियापुर स्थित छत्रपति शाहूजी महाराज बुद्ध विहार में चैत्र पूर्णिमा के अवसर पर बृहस्पतिवार को भगवान बुद्ध की देशनाओं पर आधारित एक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अनुयायियों ने भाग लेकर बुद्ध के उपदेशों पर विचार-विमर्श किया। कार्यक्रम का आरंभ बुद्ध वंदना से किया गया।
संगोष्ठी के दौरान वक्ताओं ने भगवान बुद्ध के जीवन, उनके सिद्धांतों और वर्तमान समय में उनकी प्रासंगिकता पर प्रकाश डाला। मुख्य वक्ता एवं बुद्ध विहार संघ के अध्यक्ष प्यारे लाल पटेल ने कहा कि बुद्ध की शिक्षाएं आज भी समाज को शांति, अहिंसा और सद्भाव का मार्ग दिखाती हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए अपनी जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष एलबी पटेल ने कहा कि भगवान बुद्ध ने अंधविश्वास, आडंबर और रूढिवादी परंपराओं से सदैव दूर रहने का संदेश प्रतिपादित किया था। कार्यक्रम में उपस्थित अनुयायियों ने भी अपने विचार साझा किए और बुद्ध के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। संगोष्ठी का उद्देश्य समाज में नैतिक मूल्यों को बढ़ावा देना और लोगों को सकारात्मक जीवन शैली अपनाने के लिए प्रेरित करना रहा। आयोजकों ने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित करने की बात कही। संगोष्ठी का समापन शांतिपाठ के साथ किया गया। इस मौके पर मनकेश्वर लाल, सीताराम, पवन कुमार, सर्वजीत, चौबेलाल, राम बदन आदि शामिल रहे।