इलाहाबाद विश्वविद्यालय में ऑफलाइन परीक्षा कराने के विरोध में छात्रों का आंदोलन थम नहीं रहा है। कुलपति कार्यालय के सामने प्रदर्शन कर रहे छात्र मंगलवार देररात से आमरण अनशन पर बैठ गए। इस दौरान छह छात्रों की तबीयत बिगड़ गई। इसके चलते उन्हें बेली अस्पताल में भर्ती कराया गया। देरशाम तक विवि प्रशासन की तरफ से कोई भी अधिकारी वार्ता के लिए नहीं पहुंचा।
गौरतलब है कि कुलपति की अध्यक्षता में हुई परीक्षा समिति की बैठक में स्नातक द्वितीय एवं तृतीय वर्ष की परीक्षाएं आफलाइन मोड में 22 अप्रैल से कराने का निर्णय लिया गया है। इसके विरोध में छात्रों ने परिसर में खूब हंगामा किया। प्रवेश द्वार पर ताला तक जड़ दिया। इस पर कुलपति ने डीन साइंस प्रोफेसर शेखर श्रीवास्तव की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय कमेटी का गठन किया।
कमेटी ने गत सोमवार को छात्रों के सात सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल से वार्ता की। प्रतिनिधिमंडल से वार्ता के बाद भी कमेटी कोई निर्णय नहीं ले सकी। इस पर छात्रों ने कुलपति कार्यालय पर धरना दिया। मंगलवार देररात से छात्रों ने कुलपति कार्यालय के बाहर आमरण अनशन शुरू कर दिया।
बुधवार को अनशन पर बैठे आशीष कुमार, आदर्श यादव, राकेश यादव, पवन शर्मा और अभय कुमार की तबीयत बिगड़ गई। जबकि, समर्थन देने पहुंचा एक छात्र वहीं गश खाकर गिर पड़ा। सभी को अस्पताल में भर्ती करवा दिया गया। देरशाम तक छात्रों का आमरण अनशन जारी है।
विवि प्रशासन का कहना है कि छात्रों की मांग को ध्यान में रखते हुए कुलपति की ओर से एक हाई पावन समिति गठित है। छात्र प्रतिनिधियों ने समिति के समक्ष अपना पक्ष रखा है। उनके मुद्दों और प्रस्तावों पर विचार किया जा रहा है। समिति छात्र हितों को ध्यान में रखते हुए अपनी रिपोर्ट देगी और फिर आगे निर्णय लिया जाएगा। छात्र अपनी कक्षाओं को सुचारू रूप से करते रहें।
एबीवीपी ने दिया ज्ञापन
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की विवि इकाई ने आनलाइन बैठककर निर्णय लिया है कि आफलाइन परीक्षा के विरोध में अब आंदोलन किया जाएगा। कुलपति को इस बाबत आनलाइन ज्ञापन सौंपा। गुरुवार को परिषद कुलपति समेत समस्त प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपेगी। साथ ही परिसर में चल रहे आंदोलन को और मजबूती के साथ आगे बढ़ाएगी। इकाई अध्यक्ष शिवम सिंह ने कहा छात्रों के साथ यदि कोई घटना घटित होती है तो इसकी जिम्मेदारी विश्वविद्यालय के प्रशासनिक अधिकारियों की होगी। इस दौरान आलोक त्रिपाठी, अभिनव मिश्र, राजन तिवारी आदि उपस्थित रहे।