जताई हत्या की आशंका
चीफ प्रॉक्टर ने लिखा है कि उपद्रवी लगातार सुरक्षा कर्मियों को अपमानित कर रहे हैं। ऐसे में उनके मनोबल को बनाए रखने के लिए वह देर रात तक परिसर में ही रहते है। प्रोफेसर सिंह ने लिखा है कि स्थिति को इससे ही समझा जा सकता है कि शनिवार को अवकाश के दिन भी वह आधी रात तक प्रॉक्टर कार्यालय में रहे और उसी दौरान यह पत्र लिख रहे हैं।
चीफ प्रॉक्टर ने लिखा है कि उपद्रवियों से उनकी जान को खतरा है। गार्ड न रहें तो उपद्रवी हत्या कर सकते हैं। ऐसे में उन्हें सुरक्षा मिलनी चाहिए। उन्होंने यह भी लिखा है कि पूर्व में चीफ प्रॉक्टर को गनर मिलते रहे हैं। प्रोफेसर सिंह ने यह भी लिखा है, यदि पुलिस प्रशासन के पास ऐसी कोई रिपोर्ट है कि प्रॉक्टर को कोई खतरा नहीं है तो उसे भी दिखा दें। ताकि, वह और उनका परिवार निश्चिंत हो सके।
चीफ प्रॉक्टर ने यह भी लिखा है कि विश्वविद्यालय प्रशासन छात्रों की हर बात सुनने के लिए तैयार है लेकिन कुछ लोगाें ने सोशल मीडिया पर विश्वविद्यालय के खिलाफ दुष्प्रचार कर रहे हैं। उन्होंने पत्र के माध्यम से उपद्रवियों को गेट से न हटाए जाने को लेकर खेद प्रकट करने के साथ समुचित कार्रवाई की मांग की है। उधर, युवा मंच के संयोजक राजेश सचान ने चीफ प्रॉक्टर और विश्वविद्यालय प्रशासन पर विद्यार्थियों के उत्पीड़न का आरोप लगाया है। सचान ने राष्ट्रपति को एक्स पर पोस्ट करके हस्तक्षेप करने की मांग की है।
यौन शोषण के आरोपी शिक्षक को निलंबित करने और जांच की मांग
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से जुड़े विद्यार्थियों ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय की छात्रा के साथ यौन शोषण की घटना की निंदा की है। साथ ही विश्वविद्यालय प्रशासन की चुप्पी की निंदा की है। उन्होंने आरोपी शिक्षक को निलंबित करने के साथ मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
विश्वविद्यालय की स्नातक अंतिम वर्ष की छात्रा ने एक शिक्षक पर यौन शोषण का आरोप लगाया है। विश्वविद्यालय प्रशासन से शिकायत किए जाने के साथ थाने में भी तहरीर दिए जाने की बात कही जा रही है। परिषद की विश्वविद्यालय इकाई की रविवार को हुई बैठक में इस घटना की निंदा की गई।
कार्यकर्ताओं का कहना था कि इस घटना से परिसर की छवि धूमिल हुई और विश्वविद्यालय प्रशासन को संज्ञान लेते हुए निष्पक्ष जांच करानी चाहिए। साथ ही दोषी शिक्षक के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने विश्वविद्यालय में प्रशासनिक अराजकता चरम पर होने का भी आरोप लगाया।बैठक में प्रांत सह मंत्री आंचल सिंह, विश्वविद्यालय इकाई के अध्यक्ष शिवम सिंह, अभिनव मिश्र आदि मौजूद रहे।